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किसान

बैंक से पैसे निकाल घर जा रहे दो किसानों को अज्ञात लोंगो ने लूटा*

29-Dec-2020

बिलाईगढ़ (शोर सन्देश) बैक से 42,000 रुपए निकाल कर घर लौट रहे दो किसान रास्ते में लूटरपाट का शिकार हो गए। ये मामला बिलाईगढ़ ब्लॉक के अंतर्गत भांठागिरसा बी जे एम सी स्कूल के पास का है,यहां बीती रात्रि लगभग 9 बजे के आसपास अज्ञात लोगों ने दुल्लापुर निवासी दो किसानों से लगभग 42,000 रूपए की लूट की गई। बताया जा रहा दोनों किसान को आपरेटिव बैंक शाखा भटगांव से पैसा निकालकर घर जा रहे थे। जैसे ही बी जे एम सी से गई पैर डगरी रस्ते के पास पहुंची अज्ञात लोगों ने अंधेरे का फायदा उठाकर पीछे से हमला मारपीट कर लूटपाट की। वही किसान अपनी दशा बताते अज्ञात हमलावरों से छोड़ देने की विनती की बावजूद हमलावरों ने लूटपाट कर फरार हो गया। बताया जा रहा है कि समय लाल सतनामी से 2000 रुपए लूट किया तो दूसरा किसान हुबलाल नारंग से 40.000 हजार की लूट की गई है। जानकारी मिलते ही मौके पे सरसींवा थाना प्रभारी घनश्याम देशमुख की टीम और बेलादुला चौकी प्रभारी आडिल की टीम घटनास्थल पहुँच कर जाँच में जुट गई है। सरसींवा थाना प्रभारी से मिली जानकारी के मुताबिक रात को ही सभी थानों में सूचना दे नाकाबंदी की गई थी। नाकाबंदी के दौरान लवन थाना क्षेत्र में दो संदिग्ध लोगों को पकड़ा है। जिसे पूछताछ की जा रही है। 


छत्तीसगढ़ में खपाने लाया जा रहा मप्र का 250 क्विंटल धान जप्त*

25-Dec-2020

00 खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई
कबीरधाम (शोर सन्देश) राज्य सरकार के आदेशानुसार सरहदी क्षेत्रों से हो रहे अवैध धान परिवहन की रोकथाम किये जाने के लिए निर्देशित किया गया है। उक्त निर्देश के परिपालन में शलभ कुमार सिन्हा पुलिस अधीक्षक कबीरधाम द्वारा जिला के सरहदी क्षेत्रो में नाकाबंदी पांईट लगाया गया है। जिसके अंतर्गत आज थाना चिल्पी जिला खाद्य विभाग कबीरधाम की संयुक्त टीम अवैध धान परिवहन की रोकथाम हेतु थाना चिल्फी के सामने नाकाबंदी पांईट में एक 12 चक्का ट्रक क्रमांक एमपी 07 एच जी 7545 को जबलपुर रायपुर नेशनल हाईवे में रोका गया।
ट्रक चालक ने बताया कि वाहन में भरे 550 बोरी 250 क्विंटल धान को बिलासपुर शहर में बिक्री के लिए ले जाया जा रहा है। धान परिवहन के संबंध में चालक के पास कोई वैध दस्तावेज अथवा अनुमति होना नहीं पाये जाने से ट्रक में भरे 550 बोरी में 250 क्विटंल धान कीमती करीबन् 4,67,000 रूपये एवं परिवहन में उपयोग किये गये ट्रक कीमती 15,00,000 रूपये को जप्त किया गया। वर्तमान समय में थाना चिल्फी में अवैध धान परिवहन के विरूद्ध लगातार प्रभावी कार्यवाही करते हुए करीबन 1,000 क्विटंल धान कीमती 14 लाख 50 हजार रूपये एवं परिवहन में उपयोग किये गये 04 ट्रक को को जप्त किया गया है। 


जमीन खरीदकर मुसीबत में फंसा किसान*

23-Dec-2020

धमतरी (शोर सन्देश) जमीन की रजिस्ट्री होने के बाद नायब तहसीलदार ने अपने ही नामांतरण आदेश पर स्थगन आदेश लाने के कारण आदिवासी किसान के सामने मुसीबत पैदा हो गई है। पीडि़त किसान ने न्याय की गुहार लगाकर कार्यवाही करने की मांग की है। शिकायत लेकर जिला कार्यालय पहुंचे ग्राम बलियारा निवासी किसान रामकुमार धु्रव ने बताया कि ग्राम करेठा में कृषि भूमि है। जिसका खसरा नंबर 107 के भाग में से 0.20 हेक्टेयर की जमीन खरीदने के लिए सौदा किया था। पटवारी से नकल नक्शा लेकर 27 अगस्त 2020 को पंजीकृत बैनामा के माध्यम से जमीन खरीदी थी। पंजीकृत बैनामा के आधार पर न्यायालय नायब तहसीलदार धमतरी ने नामांतरण आदेश जारी किया। लेकिन पटवानी ने अभिलेख दुरूस्त नहीं किया। बाद में उन्होंने नायब तहसीलदार को यह रिपोर्ट प्रस्तुत कर दिया गया कि उक्त भूमि विवादित है। जिसका प्रकरण न्यायालय अनुविभागीय अधिकारी धमतरी में लंबित है। इस रिपोर्ट के बाद नायब तहसीलदार ने 3 नवंबर को अपने ही नामांतरण आदेश पर स्थगन आदेश जारी कर दिया। प्रकरण को लेकर उसने 6 नवंबर को संभाग आयुक्त के पास शिकायत की थी। आयुक्त ने कलेक्टर धमतरी को जांच और कार्यवाही के लिए निर्देशित किया। कलेक्टर न्यायालय में प्रकरण लंबित है। कलेक्टर न्यायालय में प्रकरण लंबित होने के बाद भी पटवारी ने राजस्व अभिलेख में शिव प्रसाद समेत उसके परिवार के अन्य लोगों का नाम दर्ज कर दिया गया। इस तरह जमीन खरीदने के बाद भी उसे जमीन का हक नहीं मिल पा रहा है। पीडि़त किसान ने कहा कि यदि जमीन विवादित थी तो पटवारी को नकल नक्शा जारी नहीं करना था। ही नायब तहसीलदार को नामांतरण आदेश जारी करना था। 


जिले में धान खरीदी को देखते हुए पर्याप्त मात्रा में बारदाना उपलब्ध*

21-Dec-2020

 

00 जिले में 13.50 लाख बारदाना सभी उपार्जन केंद्रों में उपलब्ध कराये जा रहे
महासमुंद (शोर सन्देश) महासमुंद जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2020 21 में किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए पर्याप्त बारदाना उपलब्ध है तथा आवश्यकता अनुसार रविवार को 6 लाख 50 हजार नये एचडीपीई बारदाना उपार्जन क्रेंदों में उपलब्ध कराये जा रहे है। इसके साथ ही 3 लाख बरदाने मिलर्स के माध्यम और 3 लाख बारदान उपभोक्तान दुकानों में शेष बचें उन्हें प्राप्त कर इस तरह पहले और नए मिला कर कुल 13.50 लाख बारदानों जिले के सभी उपार्जन केंद्रों में पहुंचाया जाना रविवार से शुरू हो गया हैं। जिले में पर्याप्त मात्रा में नये उपलब्ध एचडीपीई बारदानो की उपलब्धता की संबंध में जिला विपणन अधिकारी अनिल जोशी ने जानकारी दी। कोविड 19 के कारण नये जुट बारदाने की फैक्टरियां बंद हो जाने से जूट बारदाना के कमी को देखते हुये नए एचडीपी बारदाने के साथ साथ पीडीएस बारदाने और मिलर्स से बारदानों के उपार्जन के लिए खाद्य अधिकारी, जिला विपणन अधिकारी, नोडल अधिकारी बैक और अनुविभागीय अधिकारी राजस्व की बैठक अपर कलेक्टर महासमुंद जोगेंद्र नायक की ओर से ली गयी तथा सभी संबंधितों को नियमित रूप से तालमेल और समन्वय बना कर बारदाना की उपलब्धता सुनिश्चित किये जाने के लिए निर्देशित किया गया है। वर्तमान में आगामी दिनों में धान खरीदी को देखते हुए जिले में पर्याप्त बारदाना उपलब्ध है।
जिला खाद्य अधिकारी नितिन त्रिवेदी ने जानकारी दी की मिलर्स के माध्यम से भी जिले में 3 लाख बारदाने उपलब्ध कराये जा रहे है। मिलर्स की ओर से दिये जा रहे बारदाने की गुणवत्ता का सत्यापन करा लिया गया है और मिलर्स को भी सख्त निर्देश दिये गये है, कि कटेफटे निम्न गुणवत्ता वाले बारदाने उपार्जन केंद्रो में ना भेजें। साथ ही उपार्जन केंद्रो को भी यह निर्देश जारी किये गये है, कि मिलर्स की ओर से प्रदाय किये जा रहे बारदाने यदि कटे फटे और गुणवत्ता विहीन है तो उपार्जन केंद्र उसे स्वीकार ना करें। इसके लिए तहसील स्तर पर सभी खाद्य निरीक्षकों को भी मोनिटरिंग हेतु निर्देशित किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली अंतर्गत दुकानो से भी जिले में 17 लाख बारदाना प्राप्त कर धान खरीदी में उपयोग किया जा चुका है। जिले के नोडल अधिकारी श्री डी एल नायक ने बताया कि पीडीएस उपभोक्ता के बारदानो के उपयोग धान खरीदी में करने का नीतिगत निर्णय राज्य शाशन की ओर से लिए जाने के कारण, शासन से जिले में 20 लाख बारदानों का लक्ष्य प्राप्त हुआ है, जिसमें से 17 लाख बारदाने उपायोग किये जा चुके है। तीन लाख उपभोक्ता बारदाने भी उपभोक्तान दुकानों में शेष बचे है। जिन्हें प्राप्त कर उपयोग करने के लिए उर्पाजन केंद्रो को निर्देशित किया गया है। विगत वर्षो में उपभोक्ता दुकानों के बारदानों को खूले बाजार में बेचने की प्रथा रही है, जिसे इस वर्ष प्रारंभ से ही लगाम लगा कर रखा गया है, जिसके कारण ही इतनी संख्या में पी डी एस बारदानो का उचित उपयोग कर धान खरीदी बेहतर और सुचारू व्यवस्था बनाये रखने में सहयोग मिला। 


नये धान खरीदी केन्द्र हिरमी में खरीदी शुरू*

01-Dec-2020

रायपुर (शोर सन्देश) बलौदाबाजार जिले के नये धान खरीदी केन्द्र हिरमी में मुख्य अतिथि प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष गिरीश देवांगन, प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष शैलेश नितिन त्रिवेदी की उपस्थिति में और पूर्व विधायक जनक राम वर्मा की अध्यक्षता में धान खरीदी की शुरूआत हुई। इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस के संयुक्त महामंत्री राम गिडलानी, प्रदेश कांग्रेस के महामंत्री सीमा वर्मा सहित अनेक नेतागण उपस्थित थे। 


धान के साथ-साथ उद्यानिकी फसलों से किसानों की आमदनी में हो रही है इजाफा*

24-Nov-2020

बीजापुर (शोर सन्देश) जिले के पापनपाल निवासी कृषक पागे सम्मा पूरी तन्मयता के साथ कृषि कार्य में लगा हुआ है। इसकी मेहनत और लगन के साथ-साथ शासन की विभिन्न योजनाएं इन्हे सफल कृषक बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। जिससे कृषक पागे सम्मा अपनी आमदनी में बढ़ोत्तरी करने के साथ एक बेहतर जीवन जी रहा है। कृषक पागे बताते हैं कि उनके पास 5 एकड़ कृषि भूमि है। जिस पर धान की खेती करता है। उसके अतिरिक्त एक एकड़ कृषि भूमि पर उद्यानिकी फसल लेता है। इस एक एकड़ भूमि पर शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ लेते हुए अपनी आजीविका को बढ़ाया है। कृषि विभाग के अधिकारियों के मार्गदर्शन पर उन्नत कृषि कर रहा है। पागे ने बताया कि सबसे पहले तो मुझे आत्मा योजनातंर्गत प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान भ्रमण भी कराया गया। जिससे मैं उद्यानिकी फसल लेने के लिए प्रोत्साहित हुआ फिर मेरे खेत में एक एकड़ कृषि भूमि को शासकीय योजनाओं के तहत् तार फेंसिंग किया गया। जिससे मेरा खेत जानवरों की चराई से सुरक्षित है। उद्यानिकी विभाग ने मेरे खेत में बोर कराया गया। इसके बाद मुझे कृषि विभाग के अधिकारियों ने उन्नत बीज प्रदान किया, और अभी हाल ही मेरे कृषि कार्य को देखते हुए बेहतर सिंचाई स्प्रिंकलर भी प्रदान किया है। इस तरह प्रशासन द्वारा कृषि को बढ़ावा देने और मुझे प्रोत्साहित करने विभिन्न योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है। जिससे आजीविका को बढ़ाया हॅू और अपने जीवन स्तर में काफी सुधार किया हूॅ। मैंने उद्यानिकी फसलों की कमाई से बाजारों में सब्जी लाने ले जाने के लिए दो पहिया वाहन भी खरीदा इस तरह मैं सही समय पर आसानी से बाजार पहुंच जाता हूॅ। सब्जी बेचने में किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं होती है।  मैंने सब्जी की कमाई से ही पिछले महीने मिनी राईस मिल भी खरीदा है जिससे मेरी छोटी-छोटी जरूरतों की पूर्ति मिनी राईस मिल की कमाई से हो रही है। उम्मीद है कि इससे मैं आगे भी अपने कुछ खर्चो की पूर्ति कर पाऊंगा। बचे हुये 4 एकड़ कृषि भूमि पर धान की खेती करता हूं। 


अपेक्स बैंक के अध्यक्ष ने की धान खरीदी की तैयारी की समीक्षा*

23-Nov-2020

 

महासमुंद (शोर सन्देश) राज्य शासन के निर्देशानुसार खरीफ विपणन वर्ष 2020-21 में समर्थन मूल्य पर किसानों से धान की खरीदी आगामी 1 दिसम्बर से प्रारम्भ की जाएगी। जिले की सहकारी समितियों द्वारा पंजीकृत कृषकों से समर्थन मूल्य पर धान का उपार्जन किया जाना है। इस संबंध में आज जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक में जिले में आगामी धान खरीदी की व्यवस्था को लेकर रायपुर अपेक्स बैंक के अध्यक्ष बैद्यनाथ चन्द्राकर, जिला सहकारी बैंक रायपुर के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एस.के. जोशी, अतिरिक्त प्रबंधक एस.पी. चन्द्राकर ने कहा कि सहकारी समितियों द्वारा पंजीकृत कृषकों से समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन किया जाए। उपार्जन केन्द्रों में धान के सुरक्षित रख-रखाव, आवागमन, मूलभूत व्यवस्थाएं, किसानों को ऋण वितरण एवं समिति को धान उपार्जन में होने वाली समस्याएं के बारें में जानकारी लेते हुए उनके सुझाव बताएं। इसके अलावा उपार्जन केन्द्रों में कोविड-19 के नियमों का पालन करते हुए धान उपार्जन करने के संबंध में निर्देश दिए। इस अवसर पर जिला सहकारी बैंक महासमुंद के नोडल अधिकारी डी.एल. नायक एवं सहकारी संस्थाएं के उप पंजीयक डी.एस. शर्मा एवं जिले के सभी सहकारी केन्द्रीय बैंक के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। 


धान की कटी फसल गीली पड़ी, सुखाने में छूट रहे दुर्ग के किसानो के पसीने*

23-Nov-2020

दुर्ग (शोर सन्देश) हाल ही में हुई बारिश ने एक तरफ लोगों को उमस से राहत दिलाई वही दूसरी ओर किसानों की मुश्किल इतनी ज्यादा बढ़ा दी कि उन्हें दोगुनी मेहनत करके अपनी फसल बचानी पड़ रही हैं। दुर्ग जिले में तकरीबन 10 फीसदी किसानों की धान की फसल प्रभावित हुई है। जिले में 1 लाख 29 हजार किसान हैं। दरअसल कई किसानों ने अपनी फसल काट ली थी। जिनकी कटी हुई फसल खेत में पड़ी थी, वो बारिश में भीग गई। इतना ही नहीं, खेत में पानी भर जाने के कारण उनके सड़ने का खतरा भी था। लेकिन किसान बारिश के बाद से ही अपनी फसल को धूप में सुखाने में जुट गए हैं। दुर्ग के नगपुरा के किसान पुकेश्वर साहू ने बताया कि उसने 10 एकड़ में धान की फसल ली थी। खेत में 450 कट्टा धान रखा था। धान काटने के एक घंटे बाद ही पानी गिरा और मेहनत दोगुनी हो गई। ये कम से कम चार लाख का धान है। झबेंद्र वैष्णव का कहना है कि दुर्ग में बहुत बारिश हुई है। खलिहान में बिखरा हुआ अनाज सुखाना पड़ेगा। इसमें बहुत मेहनत लगेगी। राहत की बात

सूरज की रोशनी किसानों के भीतर उमीद जगाए रखी हैं। धूप निकलता रहा तो ठीक है, नहीं तो बहुत नुकसान होने की असंका जाते जा सकती है। ये तो तय है कि इसकी गुणवत्ता में फर्क जाएगा। ज्यादा काला हुआ तो सोसायटी भी धान नहीं खरीदेगी। सरकार ने तो कह दिया है कि ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन परेशानी कितनी बढ़ गई है, इसका अंदाजा क्या सरकार को है


किसान रबी फसलों का बीमा 15 दिसम्बर तक करा सकेंगे*

23-Nov-2020

 बेमेतरा (शोर सन्देश) प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना रबी में रबी फसलों को प्रतिकूल मौसम जैसे - सूखा, बाढ़, कीट व्याधि, ओलावृष्टि, प्राकृतिक आपदा से होने वाले नुकसान से बचने के लिए कृषकगण 15 दिसम्बर तक बीमा करा सकते है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनांतर्गत ऋणी और अऋणी किसान जो भू-धारक बटाईदार हो सम्मिलित हो सकते हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत ऋणी किसान ऐच्छिक आधार पर फसल बीमा करा सकते हैं। किसान को निर्धारित प्रपत्र में हस्ताक्षरित घोषणा पत्र बीमा की अंतिम तिथि 15 दिसम्बर के 7 दिवस पूर्व संबंधित बैंक में अनिवार्य रूप से जमा करना होगा। किसान से निर्धारित प्रपत्र में घोषणा पत्र जमा नहीं करने पर संबंधित बैंक संबंधित मौसम के लिए स्वीकृत या नवीनीकृत की गई अल्पकालीन कृषि ऋण का अनिवार्य रूप से बीमा किया जाना है।
कृषि विभाग बेमेतरा के अधिकारियों ने बताया कि अधिसूचित फसल उगाने वाले सभी गैर ऋणी किसान, जो योजना में सम्मिलित होने के इच्छुक हो। वे बुआई पुष्टि प्रमाण पत्र क्षेत्रीय पटवारी या ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी से सत्यापित कराकर और अन्य दस्तावेज प्रस्तुत कर योजना में सम्मिलित हो सकते है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत रबी फसलों के लिए 1.5 प्रतिशत कृषक प्रीमियम राशि निर्धारित है। जिसके तहत कृषक को प्रति हेक्टेयर चना फसल के लिए 555 रूपए और सिंचित गेहूं की प्रति हेक्टेयर फसल के लिए 450 रूपए प्रीमियम देना होगा। गेहूं असिंचित के लिए फसल के लिए 330 रूपए प्रति हेक्टेयर की दर से प्रीमियम देय होगा।  बीमा योजना अंतर्गत ऋणी किसानों का बीमा संबंधित बैंक, सहकारी समिति द्वारा अनिवार्य रूप से किया जाएगा। उन्हें केवल घोषणा एवं बुवाई प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। अऋणी किसानों को बैंक, सहकारी समिति और लोक सेवा केन्द्र में बीमा प्रस्ताव फार्म, नवीनतम आधारकार्ड, बैंक पासबुक, भू-स्वामित्व साक्ष्य बी-1 पांचसाला, किरायदार, साझेदार किसान का दस्तावेज, बुवाई प्रमाण पत्र और घोषणा पत्र देकर बीमा करा सकते हैं।


समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करें संभागायुक्त*

20-Nov-2020

कलेक्टर, सीईओ जिला पंचायत अधिकारियों को वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग लेकर दिए दिशा-निर्देश
जगदलपुर (शोर सन्देश) संभागायुक्त जीआर चुरेन्द्र ने खरीफ विपणन वर्ष 2020-21 में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के कार्य को सफलता पूर्वक संपन्न करने हेतु सभी तैयारियां पूरी करने के निर्देश जिला कलेक्टरों एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को दिए हैं। श्री चुरेन्द्र ने कहा कि केवल वास्तविक किसानों की वास्तविक धान की खरीदी हो सके इसके लिए जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाए। नव पदस्थ संभागायुक्त चुरेन्द्र ने गुरूवार 19 नवम्बर को कलेक्टोरेट जगदलपुर के स्वान कक्ष से संभाग के सभी जिला कलेक्टरों, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं अन्य अधिकारियों की वीडयों कांफ्रेसिंग लेकर समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के अलावा, नरवा, गुरूवा, घुरूवा एवं बाड़ी योजना, गोधन न्याय योजना, मनरेगा आदि विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए इसके सफल क्रियान्वयन हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी इन्द्रजीत चन्द्रवाल, वनमण्डलाधिकारी सुश्री स्टायलो मण्ड़ावी एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे। संभागायुक्त चुरेन्द्र ने कलेक्टरों एवं अधिकारियों को धान की अवैध बिक्री की रोकथाम हेतु पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा। इसके लिए उन्होंने निगरानी दल गठित कर छोटे दुकादारों एवं कोचियों के दुकानों में जाकर अनिवार्य रूप से सत्यापन करने को कहा। गोधन न्याय योजना की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को इस बात का विशेष ध्यान रखने को कहा कि खरीदे गए गोबर किसी भी स्थिति में सुख पाए। जिससे की जैविक खाद बनाने में किसी भी प्रकार की दिक्कत उपस्थित हो। राजस्व विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए एसडीएम, तहसीलदार सहित अन्य राजस्व अधिकारियों के मुख्यालय में अनिवार्य रूप से निवास सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए। उन्होंने सभी अधिकारियों को अनिवार्य रूप से अग्रिम दौरा कार्यक्रम बनाने को कहा। इसके अलावा उन्होंने राजस्व अधिकारियों को चलित न्यायालय भी शुरू करने को कहा। उन्होंने अतिक्रमण रोकने के कार्य को भी प्राथमिकता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए। इसकेे अलावा पटवारियों का बस्ता जांच हेतु 15 दिनों के भीतर निर्देश जारी करने के भी निर्देश भी दिए। श्री चुरेन्द्र ने अधिकारी-कर्मचारियों के कार्य क्षमता के विकास हेतु प्रत्येक जिले में प्रशिक्षण सह कार्यशाला भी आयोजित करने को कहा। श्री चुरेन्द्र अधिकारियों को ग्राम सभा को प्रभावी बनाने के उपाय सुनिश्चित करने तथा इसके लिए प्रशिक्षण सह कार्यशाला आयोजित करने के निर्देश भी दिए। नरेगा के कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को इस कार्य को स्वंय कार्य समझकर सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ पूरा करने को कहा। उन्होंने तीन सप्ताह के भीतर ग्रामीण क्षेत्रों में 10 एकड़ से अधिक की जमीन की सर्वे कर उस जमीन को ग्राम उपवन के रूप में तब्दील करने की कार्यवाही करने के निर्देश दिए। श्री चुरेन्द्र ने इस जमीन को अभिसरण के माध्यम से उपवन के रूप में विकसित करने को कहा। इस दौरान उन्होंने वनाधिकार मान्यता प्रमाण पत्र, कानून व्यवस्था आदि विभिन्न विषयों की समीक्षा की तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। 




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