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देश-विदेश

*सीरिया की राजधानी पर इजरायल ने दागी मिसाइल , हमले में 3 की मौत…*

21-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। एक तरफ रूस-यूक्रेन में युद्ध खत्म होने का नाम नहीं ले रहा तो दूसरी ओर सीरिया और इजरायल में एक बार फिर टकराव देखने को मिल रहा है। सीरिया में बीती रात इजरायल ने मिसाइल अटैक किया है। सीरियाई सेना द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात राजधानी दमिश्क के दक्षिण में सैन्य स्थलों को इजरायली मिसाइल ने निशाना बनाया है। इस हमले में तीन लोगों के मारे जाने की सूचना है।

इजरायल ने दागी थी कई मिसाइल

सीरियाई सेना ने यह भी बताया है कि इजरायल की ओर से कई मिसाइल छाेड़ी गई थी। लेकिन एयर डिफेंस ने अधिकांश मिसाइलों को रोक दिया है, जिन्हें इजरायल के कब्जे वाले गोलन हाइट्स से दागा गया था। सरकार समर्थक शाम एफएम रेडियो ने कहा कि दमिश्क में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमले के कारण उसके पास आग लग गई, जिससे दो उड़ानें स्थगित हो गईं। ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स वॉर मॉनिटर ने कहा कि इजरायल ने जमराया क्षेत्र में सैन्य स्थलों के साथ-साथ दमिश्क के दक्षिण-पश्चिमी ग्रामीण इलाकों और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को निशाना बनाया। इसने कहा कि अधिकांश मिसाइलें अपने लक्ष्य तक पहुंच गईं, 2022 में सीरिया पर यह 13 वां इजरायली हमला है।

इज़राइल सीरिया में ईरानी ठिकानों को कर रहा है नष्ट

इज़राइल सीरिया में ईरानी ठिकानों को नष्ट करने की कोशिश कर रहा है, जहां लेबनान के हिज़्बुल्लाह सहित तेहरान समर्थित बलों ने 2011 में राष्ट्रपति बशर अल-असद के गृह युद्ध में भाग लेने के बाद से उपस्थिति स्थापित की है।11 मई को, अल जज़ीरा उपग्रह चैनल के लिए एक अनुभवी फिलिस्तीनी पत्रकार जेनिन में एक इजरायली सैन्य अभियान को कवर करते हुए मारा गया था। शिरीन अबू अक्लेह के परिवार, प्रसारक, फिलिस्तीनी प्राधिकरण और गवाहों ने इसराइल पर कतरी चैनल के संवाददाता को गोली मारने का आरोप लगाया। इज़राइल ने फिलिस्तीनी आतंकवादियों पर पत्रकार पर गोलीबारी करने का आरोप लगाया लेकिन बाद में पीछे हट गए। इजरायली सैन्य अधिकारियों ने गुरुवार को कहा कि सेना ने एक सैनिक की राइफल की पहचान की है जिसने अबू अक्लेह को मार डाला हो सकता है, लेकिन कहा कि यह निश्चित नहीं हो सकता जब तक कि फिलिस्तीनियों ने विश्लेषण के लिए गोली नहीं बदली।


*राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने सेंट विसेंट एंड ग्रेनेडीन्स के गवर्नर जनरल से बातचीत की*

20-May-2022

 ग्रेनेडिनेस (शोर संदेश)। राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने कैरेबियन राष्ट्र सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के अपने दौरे के दूसरे दिन कल वहां के गवर्नर जनरल डेम सुजेन डॉगन से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने सूचना प्रौद्योगिकी, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और संस्कृति सहित विभिन्न क्षेत्रों में आपसी सहयोग मजबूत करने पर चर्चा की। दोनों पक्षों ने कर संग्रह से संबंधित सूचनाओं के आदान-प्रदान और सहयोग तथा प्राचीन कालडेर समुदाय के उन्नयन की परियोजना के लिए सहमति पत्र पर भी हस्ताक्षर किए। राष्ट्रपति कोविंद जैविक उद्यान भी गए, जहां उन्होंने चंदन का पौधा लगाया और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल हुए। बाद में राष्ट्रपति कोविंद ने सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस की संसद को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिदृश्य में जटिल मुद्दों से निपटने के लिए जो नई वैश्विक व्यवस्था बनाने की आवश्यकता है वह समावेशी होनी चाहिए, जिसमें सभी देशों को अपने वैधानिक हितों के बारे में बोलने का अवसर मिले। श्री कोविंद ने कहा कि समय की मांग है कि वैश्विक संस्थाओं में सुधार हो, ताकि वे सामयिक वैश्विक सच्चाइयों को व्यक्त कर सकें। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद उनमें प्रमुख है। उन्होंने यह भी कहा कि इस मुद्दे पर भारत और सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के हित समान हैं, उनका दृष्टिकोण और समझदारी भी एक जैसी है।दोपहर बाद राष्ट्रपति किंग्‍स्‍टाउन में कालडेर रोड गए, जहां उन्‍होंने भारतीय समुदाय को सम्‍बोधित किया। राष्‍ट्रपति ने कहा कि भारतवंशी लोगों और सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस में रह रहे भारतीयों में, भारत की समृद्ध विविधता, सांस्‍कृतिक विरासत और परम्‍पराओं की झलक मिलती है। भारत को उनकी उपलब्धियों पर गर्व है। राष्‍ट्रपति ने कल सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के गवर्नर जनरल की ओर से दिए गए प्रीति भोज में भी हिस्‍सा लिया।


*विश्व के सात प्रमुख देशों के समूह जी-7 ने यूक्रेन को वित्तीय सहायता देने पर सहमति व्यक्त की*

20-May-2022

वाशिंगटन (शोर संदेश)। विश्व के सात प्रमुख देशों के समूह जी-7 ने यूक्रेन को वित्तीय सहायता देने पर सहमति व्यक्त की है। अमरीका के वित्त मंत्री जैनेट येलेन ने बताया कि जर्मनी में जी-7 देशों के वित्त मंत्रियों की बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि रूस के विरुद्ध संघर्ष में आवश्यकता पूरी करने के लिए यूक्रेन को आर्थिक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं। अमरीका की सीनेट ने यूक्रेन को 40 अरब डॉलर की सहायता की मंजूरी दी। इसमें सैन्य, आर्थिक और मानवीय सहायता शामिल है। इस राशि में से सात अरब 50 करोड़ डॉलर यूक्रेन के बजट की कमी पूरी करने के लिए निर्धारित किए गए हैं। अभी जी-7 की अध्यक्षता कर रहे जर्मनी ने बॉन में बैठक की मेजबानी की। जर्मनी के वित्तमंत्री क्रिश्चियन लिंडनेर ने यूक्रेन के बजट में एक अरब 10 करोड़ अमरीकी डॉलर के योगदान की घोषणा की। जर्मनी के वित्तमंत्री ने कहा कि जी-7 यूक्रेन की सरकार को चलाने के लिए आर्थिक सहायता देने की प्रतिबद्धता पूरी करने के उद्देश्य से सभी देशों के साथ समन्वय कर रहा है। 


*श्रीलंका में आज भर का पेट्रोल, आने वाले दिनों में बढ़ेंगी मुश्किलें : पीएम*

17-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। श्रीलंका में पेट्रोल का स्‍टॉक अब केवल एक ही दिन का बचा है। इसकी जानकारी खुद श्रीलंका के पीएम रानिल विक्रमसिंघे ने दी है। उनका कहना है कि वो डीजल शिपमेंट के लिए कोशिश कर रहे हैं, जिससे लोगों की मुश्किलों को कम किया जा सके। उन्‍होंने ये भी कहा है कि लोगों की पेरशानी को कम करने के लिए भारत से क्रेडिट लाइन के तहत एक शिपमेंट बुधवार को और दूसरा शिपमेंट 29 मई को श्रीलंका पहुंच जाएगा। इसके लिए सरकार ओपन मार्किट से डॉलर का इंतजाम करने में जुटी है, जिससे इन शिपमेंट की कीमत चुकाई जा सके। श्रीलंका के पीएम ने ट्वीट कर रहा है कि देश का रिवेन्‍यू 1.6 ट्रिलियन है जबकि सरकार का खर्च 2.4 ट्रिलियन है। वहीं बजट घाटे की बात करें तो ये 2.4 ट्रिलियन है जो देश की जीडीपी का करीब 13 फीसद है। ये राशि श्रीलंकाई मुद्रा के हिसाब से है। उन्‍होंने देश की हालत को लेकर कई ट्वीट किए हैं। एक ट्वीट में उन्‍होंने लिखा है कि आने वाले दो से चार माह में देश की हालत और खराब हो सकती है। लोगों की मुश्किलें और अधिक बढ़ सकती हैं। उन्‍होंने ये भी कहा है कि उनकी इच्‍छा देशवासियों से किसी भी सच को छिपाने की नहीं है। वो देशवासियों को झूठ नहीं बोल सकते हैं। हालात बेहद बुरे हैं और डराने वाले हैं। लेकिन फिलहाल देश की सच्‍चाई यही है। उन्‍होंने एक ट्वीट में ये भी कहा है कि पिछले गुरुवार को जब उन्‍होंने पीए आफिस की जिम्‍मेदारी ली थी। उन्‍होंने लिखा है कि ये जिम्‍मेदारी उन्‍होंने केवल एक नेता के तौर पर नहीं बल्कि एक राष्‍ट्रीय नेता के तौर पर ली थी, जो कोलंबो यूनिवर्सिटी में कानून की पढ़ाई को फ्री करना चाहता है। उन्‍होंने लिखा है कि वो अपनी जिम्‍मेदारी को निभाएंगे और जो वादा किया है उसको भी पूरा करेंगे। दो दिन पहले किए गए एक ट्वीट में उन्‍होंने लिखा है कि काफी कुछ किया गया है और काफी कुछ किया जाना बाकी है। हमें मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर देखना होगा। इन्‍हें जल्‍द से जल्‍द हल किए जाने की जरूरत है। इसी दौरान उन्‍होंने कहा था कि 16 मई को वो देश के फाइनेंशियल क्राइसिस के बारे में देश को जानकारी देंगे।

 

*प्रधानमंत्री मोदी लुंबिनी पहुंचने पर नेपाल के प्रधानमंत्री ने किया स्वागत*

16-May-2022

लुंबिनी (शोर संदेश)। सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेपाल में लुंबिनी पहुंचने पर नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा ने उनका स्वागत किया। श्री मोदी ने बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर मायादेवी मंदिर में पूजा-अर्चना की। दोनों नेताओं के बीच एक बैठक भी हुई। इसमें भारत-नेपाल संबंधों को और मजबूत करने पर विचार विमर्श हुआ। प्रधानमंत्री ने लुंबिनी मठ में बौद्ध संस्कृति और विरासत के एक केंद्र के शिलान्यास समारोह में भी भाग लिया। इस केन्द्र का निर्माण भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के वित्तीय सहयोग से किया जा रहा है। दुनिया भर के तीर्थयात्रियों और पर्यटकों को बौद्ध धर्म के आध्यात्मिक पहलुओं की जानकारी देने वाला यह एक विश्व स्तरीय केन्द्र होगा। यह एक ऐसी इमारत होगी, जिसमें ऊर्जा, पानी और अपशिष्ट प्रबंधन की आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। इस केन्द्र में प्रार्थना कक्ष, ध्यान केंद्र, पुस्तकालय, प्रदर्शनी हॉल, जलपानगृह और अन्य सुविधाएं होंगी। इससे पहले, आज सुबह प्रधानमंत्री उत्तर प्रदेश के कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरे और लुंबिनी के लिए  हेलिकॉप्टर से रवाना हुए। 2014 के बाद से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह पांचवीं नेपाल यात्रा है और लुंबिनी की पहली। प्रधानमंत्री शाम को कुशीनगर के लिए रवाना होंगे जहां उनका महापरिनिर्वाण स्तूप का दौरा करने का कार्यक्रम है।


*राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद कैरेबियाई देश की यात्रा पर किंग्स्टन पहुंचे*

16-May-2022

 किंग्सटन (शोर संदेश)। राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद जमैका और सेंट विन्‍सेंट एण्‍ड ग्रेनाडाइन्‍स की यात्रा के पहले चरण में सोमवार की सुबह जमैका की राजधानी किंग्सटन पहुंचे। जमैका के गवर्नर जनरल सर पैट्रिक एलन ने उनकी अगवानी की। जमैका आगमन पर राष्ट्रपति का 21 तोपों की सलामी के साथ औपचारिक स्वागत किया गया। श्री कोविंद को गार्ड ऑफ आर्नर भी दिया गया। इस अवसर पर जमैका के प्रधानमंत्री और अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित थे। स्वागत समारोह के बाद राष्ट्रपति कोविंद होटल के लिए रवाना हो गए। होटल में भारतीय समुदाय के लोगों ने राष्ट्रपति का गर्मजोशी से स्वागत किया। राष्ट्रपति कोविंद जमैका और सेंट विन्‍सेंट एण्‍ड ग्रेनाडाइन्‍स की राजकीय यात्रा पर हैं। भारत के राष्ट्रपति की इन कैरेबियाई राष्ट्रों की यह पहली यात्रा है। राष्ट्रपति कोविंद जमैका में बुधवार तक रहेंगे और गवर्नर जनरल के साथ शिष्टमंडल स्तर की वार्ता करेंगे। श्री कोविंद, प्रधानमंत्री एन्ड्रयू होलनैस और अन्य गणमान्य व्यक्तियों से मुलाकात करेंगे। इस दौरान राष्ट्रपति जमैका की संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करेंगे। इस वर्ष भारत और जमैका के बीच राजनयिक संबंधों के 60 वर्ष पूरे हो रहे हैं।


*प्रधानमंत्री के इस्तीफे के बाद भड़की हिंसा, गुस्साई भीड़ ने मंत्रियों के घरों में लगाई आग…*

10-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। श्रीलंका में आर्थिक और राजनीतिक संकट के कारण सब कुछ तितर-बितर हो गया है। पिछले कुछ दिनों में सरकार के खिलाफ देशव्यापी विरोध अब चरम पर पहुंच गया है। सोमवार को निवर्तमान प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे ने पद से इस्तीफा दे दिया, जिसके बाद देश भर में सड़क पर उतरे प्रदर्शनकारियों ने हमला बोल दिया। पीएम के इस्तीफे के कुछ घंटे बाद गुस्साई भीड़ ने मेदामुलाना, हंबनटोटा में राजपक्षे परिवार के पैतृक घर को आग लगा दी। यही नहीं बेकाबू प्रदर्शनकारियों ने कई नेताओं के घरों को आग के हवाले कर दिया, जिसपर अमेरिका की प्रतिक्रिया सामने आई है। अमेरिका ने सोमवार को कहा कि वह प्रदर्शनकारियों द्वारा मंत्रियों के घरों को जलाने के बाद श्रीलंका में अस्थिर स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहा है।

पीएम राजपक्षे के इस्तीफे के बाद भारी हिंसा भड़क उठी। इसमें सत्ता पक्ष के सांसद अमरकीर्ति अथुकोराला ने एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी और फिर खुद को भी गोली मार ली। हालिया सप्ताहों की इस जबर्दस्त हिंसा में पांच लोगों की मौत हो गई और 200 से ज्यादा घायल हो गए। पूरे श्रीलंका में बुधवार तक कर्फ्यू लगा दिया गया है, इसके बावजूद तनाव कायम है, क्योंकि भारी आर्थिक संकट खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। देश भारी आर्थिक व राजनीतिक संकट में फंस गया है। विपक्ष का आरोप है कि देश का सबसे शक्तिशाली राजनीतिक परिवार इस संकट का जिम्मेदार है। श्रीलंका में संकट से राजपक्षे परिवार की छवि बुरी तरह धूमिल हुई है। पीएम के अलावा उनके भाई राष्ट्रपति गोतबाया राजपक्षे के भी इस्तीफे की मांग उठ रही है।

इन नेताओं के घर प्रदर्शनकारियों ने बोला हमला
देशभर में जगह-जगह पर हो रहे विरोध प्रदर्शन में कई नेता सोमवार को उग्र भीड़ के गुस्से का शिकार हुए, जिसमें श्रीलंका पोदुजाना पेरामुना (एसएलपीपी) के सांसदों बंडुला गुनावर्धने, प्रसन्ना रणतुंगा, चन्ना जयसुमना, कोकिला गुणवर्धना, अरुंडिका फर्नांडो, थिसा कुटियाराची, कनका हेराथ, पवित्रा वन्नियाराची के घरों पर प्रदर्शनकारियों ने हमला किया गया है। वहीं सरकार विरोधी प्रदर्शनकारियों ने श्रीलंका के मोरातुवा मेयर समन लाल फर्नांडो और सांसदों सनथ निशांत, महिपाल हेराथ, थिसा कुट्टियाराची, रमेश पथिराना, और निमल लांजा के आधिकारिक आवासों को भी आग के हवाले कर दिया। इस बात की जानकारी स्थानीय मीडिया ने दी।

देशभर में बड़ी हिंसा
देशभर में हिंसा रुकने का नाम नहीं ले रही है। आर्थिक तंगी की मार झेल रहे लोगों का गुस्सा अपने चरम पर पहुंच चुका है जिससे अब रोकना बेहद मुश्किल हो गया है। इंटर-यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स फेडरेशन (आइयूएसएफ) सहित बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए, जिन्होंने श्रीलंका पोदुजाना पेरामुना के सांसदों पर हमला कर दिया है । सूत्रों के अनुसार, वीरकेतिया प्रदेशीय सभा के अध्यक्ष के आवास पर दो लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी गई और पांच अन्य बुरी तरह से घायल हो गए हैं।

 


*महिलाओं के लिए सरकार ने जारी किया नया फरमान, कहा : आंख भी नहीं दिखनी चाहिए*

07-May-2022

अफगानिस्तान (शोर संदेश)। भूख और आर्थिक बदहाली से तपड़ते अफगानिस्तान में तालिबान ने महिलाओं के लिए नया फरमान जारी किया है और कहा है कि, अफगानिस्तान में रहने वाली औरतों की आंखे भी नहीं दिखनी चाहिए। महिलाओं के अधिकार को कुचलते हुए तालिबान ने शनिवार को एक नया फरमान जारी किया है, जिसमें अफगान महिलाओं को सार्वजनिक रूप से बुर्का पहनने का आदेश दिया गया है। डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक, तालिबान प्रमुख हैबतुल्लाह अखुंदजादा ने यह फरमान जारी किया है और बाद में तालिबान अधिकारियों ने काबुल में एक समारोह में इसे जारी किया है। तालिबान प्रमुख हैबतुल्लाह अखुंदजादा ने फरमान जारी करते हुए कहा कि, ‘उन्हें चदोरी (सिर से पैर तक बुर्का)’ पहनना होगा, क्योंकि यह पारंपरिक और सम्मानजनक है’। हालांकि यह फरमान नया है और अगस्त में अफगानिस्तान की सत्ता में लौटने के बाद से तालिबान महिलाओं की तमाम आजादियों को छीन चुका है और उन्हें सिर से लेकर पैर तक बुरके में ढंकने के लिए मजबूर कर चुका है। इससे पहले तालिबान की धार्मिक पुलिस ने राजधानी काबुल के चारों ओर पोस्टर लगाकर अफगान महिलाओं को अपने ही घर में छिपकर रहने का आदेश दिया था।

लड़कियों के लिए स्कूल बंद
इसके अलावा, तालिबान ने लड़कियों के लिए सभी माध्यमिक विद्यालयों को बंद करने का भी फैसला लिया है और अफगानिस्तान लड़कियों के लिए सभी स्कूलों को बंद कर दिया गया है। तालिबान शासन के इस फैसले की दुनिया भर में निंदा बढ़ गई थी। कई कार्यकर्ताओं और राजनीतिक दलों ने तालिबान से लड़कियों के लिए माध्यमिक विद्यालयों पर प्रतिबंध पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है। मनोवैज्ञानिकों ने कहा है कि तालिबान द्वारा स्कूलों में जाने पर प्रतिबंध लगाने वाली छठी कक्षा से ऊपर की अफगान छात्राओं को इस कदम के कारण मानसिक तनाव का सामना करना पड़ रहा है। एचआरडब्ल्यू के अनुसार, महिलाओं और लड़कियों को भी स्वास्थ्य देखभाल तक पहुंचाने से रोक दिया गया है। रिपोर्टों से पता चलता है कि हिंसा का सामना करने वाली महिलाओं और लड़कियों के पास बचने का कोई रास्ता नहीं है।


*एशियन गेम्स 2022 स्थगित, सामने आई ये बड़ी वजह…*

06-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। एशियन गेम्स 2022 को लेकर बड़ी खबर सामने आ रही है। एशिया की ओलंपिक काउंसिल ने इसे वर्ष 2023 तक स्थगित करने का फैसला किया है। Asian Games 2022 का आयोजन 10 से 25 सितंबर के बीच चीन (China) के हांगझोऊ में होना था। कोरोना महामारी और संक्रमण के बढ़ते मामलों के मद्देनजर इसे स्थगित करने का फैसला किया गया है। गौरतलब है कि, चीन में बीते कुछ समय से कोविड-19 के मामलों में इजाफा हुआ है। इस वजह से कई बड़े आयोजनों को स्थगित करना पड़ा है।

एशिया की ओलंपिक काउंसिल के फैसले के बाद एशियाई खेलों को साल 2023 तक स्थगित किया गया है। हालांकि, कोरोना के मामलों को देखते हुए अभी नई तारीखों की घोषणा नहीं की गई है। चीनी मीडिया ने एशियन गेम्स 2022 के स्थगन की खबर की पुष्टि की है। ये अलग बात है कि इसके पीछे की वजह नहीं बताई है। 

नई तारीखों की घोषणा बाद में होगी
एशियन गेम्स को 2023 तक के लिए स्थगित किया गया है, हालांकि अभी इसकी नई तारीखों का ऐलान नहीं किया गया है। चीनी स्टेट मीडिया ने एशियन गेम्स 2022 के स्थगित होने की खबर को कन्फर्म किया है। मगर इसके पीछे की वजह की जानकारी सामने नहीं आ सकी है।


*चीन की राजधानी पेइचिंग में कोरोना संक्रमण के कारण स्थिति गम्‍भीर*

25-Apr-2022

पेइचिंग (शोर संदेश)।चीन की राजधानी पेइचिंग में कोरोना संक्रमण के कारण स्थिति गम्‍भीर हो गई है। परन्‍तु, देश के वित्‍तीय केन्‍द्र शंघाई में संक्रमण से 39 लोगों की मौत की खबर है। पेइचिंग में कल 21 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई। चाओयांग प्रांत में सभी दूतावासों के राजनयिकों और निवासियों को आज से कोविड के परीक्षण कराने को कहा गया है। अधिकारियों ने लोगों से भीड़ से बचने को कहा है। शुक्रवार को स्‍थानीय मिडिल स्‍कूल में बारह विद्यार्थियों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि होने के बाद कक्षाएं स्‍थगित कर दी गई थी। चीन के राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य आयोग के अनुसार, कल, देश में लगभग 22 हजार लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई।




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