ग्रेनेडिनेस (शोर संदेश)। राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने कैरेबियन राष्ट्र सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के अपने दौरे के दूसरे दिन कल वहां के गवर्नर जनरल डेम सुजेन डॉगन से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने सूचना प्रौद्योगिकी, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और संस्कृति सहित विभिन्न क्षेत्रों में आपसी सहयोग मजबूत करने पर चर्चा की। दोनों पक्षों ने कर संग्रह से संबंधित सूचनाओं के आदान-प्रदान और सहयोग तथा प्राचीन कालडेर समुदाय के उन्नयन की परियोजना के लिए सहमति पत्र पर भी हस्ताक्षर किए। राष्ट्रपति कोविंद जैविक उद्यान भी गए, जहां उन्होंने चंदन का पौधा लगाया और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल हुए। बाद में राष्ट्रपति कोविंद ने सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस की संसद को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिदृश्य में जटिल मुद्दों से निपटने के लिए जो नई वैश्विक व्यवस्था बनाने की आवश्यकता है वह समावेशी होनी चाहिए, जिसमें सभी देशों को अपने वैधानिक हितों के बारे में बोलने का अवसर मिले। श्री कोविंद ने कहा कि समय की मांग है कि वैश्विक संस्थाओं में सुधार हो, ताकि वे सामयिक वैश्विक सच्चाइयों को व्यक्त कर सकें। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद उनमें प्रमुख है। उन्होंने यह भी कहा कि इस मुद्दे पर भारत और सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के हित समान हैं, उनका दृष्टिकोण और समझदारी भी एक जैसी है।दोपहर बाद राष्ट्रपति किंग्स्टाउन में कालडेर रोड गए, जहां उन्होंने भारतीय समुदाय को सम्बोधित किया। राष्ट्रपति ने कहा कि भारतवंशी लोगों और सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस में रह रहे भारतीयों में, भारत की समृद्ध विविधता, सांस्कृतिक विरासत और परम्पराओं की झलक मिलती है। भारत को उनकी उपलब्धियों पर गर्व है। राष्ट्रपति ने कल सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के गवर्नर जनरल की ओर से दिए गए प्रीति भोज में भी हिस्सा लिया।