
भारत की अध्यक्षता में यूएनएससी की आपात बैठक
काबुल/नई दिल्ली (शोर संदेश)। अफगानिस्तान के राष्ट्रपति भवन पर तालिबान ने पूरी तरह से कब्जा कर लिया है। तालिबान ने दावा किया है कि आरजकता रोकने के लिए वह काबुल में घुसा है। इधर, अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी देश छोड़ चुके हैं। इसके अलावा कई और सांसद भी देश छोड़कर जा चुके हैं। वहीं, तालिबान विद्रोहियों के डर से आम नागरिक भी अफगान छोड़ रहे हैं, काबुल एयरपोर्ट पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ देखी जा रही है। कई देशों के अधिकारी भी काबुल एयरपोर्ट से रवाना हो रहे हैं।
00 भगदड़ में घायल की खबर नहीं
इसी बीच काबुल एयरपोर्ट पर फायरिंग की खबर है। हालांकि, अभी तक गोलीबारी में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन एयरपोर्ट पर हर तरफ भगदड़ की स्थिति मची है। फायरिंग के बाद मची भगदड़ में कई लोगों को घायल होने की भी खबर है। फिलहाल अमेरिका ने काबुल एयरपोर्ट को अपने कब्जे में ले लिया है । सोशल मीडिया पर एक यूजर ने काबुल एयरपोर्ट पर मची अफरा तफरी का वीडियो शेयर किया है, जिसमें देखा जा सकता है कि बड़ी में लोग इधर उधर भाग रहे हैं, इसमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।
तालिबान के कब्जे के बाद अफगानिस्तान के हालात को लेकर पूरी दुनिया चिंतित है। अफगानिस्तान के हालात को लेकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक होने जा रही है।भारतीय समय के अनुसार, शाम साढ़े सात बजे बैठक होगी। बैठक की अध्यक्षता भारत करेगा।
00 अफगानिस्तान की ओर से कौन रखेगा पक्ष
बैठक की अध्यक्षता के लिए विदेश मंत्री एस जयशंकर पहले से ही न्यूयॉर्क में मौजूद हैं, लेकिन पिछले 24 घंटों के भीतर अफगानिस्तान में जिस तेजी से घटनाक्रम बदला है, उस लिहाज से यह बैठक बेहद अहम मानी जा रही है। हालांकि, सबसे अहम सवाल यह है कि इस बैठक में अफगानिस्तान की ओर से प्रतिनिधि कौन होगा और अफगानिस्तान का पक्ष कैसे रखेगा।
00 ट्रंप ने खड़े किए सवाल
वहीं, अफगानिस्तान में बिगड़ रहे हालात पर अमेरिका की नीतियों को लेकर अब उसी देश के भीरत सवाल उठने लगे हैं। पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ये अमेरिका की सबसे बड़ी हार है। काबुल में राष्ट्रपति पैलेस पर तालिबान के कब्जे और अशरफ गनी के देश छोड़कर जाने की खबर के बाद ट्रंप ने यह बयान दिया। हालांकि, अमेरिका विदेश विभाग ने इस सभी आरोपों से इनकार किया है।

वाशिंगटन/नई दिल्ली (शोर संदेश)। महात्मा गांधी को अमेरिका का सर्वोच्च नागरिक सम्मान दिया जा सकता है। इस संबंध में अमेरिकी संसद में एक बार फिर प्रस्ताव पेश किया गया, जो न्यूयॉर्क के एक सांसद ने दिया। उन्होंने शांति और अहिंसा को बढ़ावा देने के लिए महात्मा गांधी को कांग्रेस के स्वर्ण पदक से सम्मानित करने का प्रस्ताव अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में शुक्रवार (13 अगस्त) को पेश किया। महात्मा गांधी अमेरिकी कांग्रेस का स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले पहले भारतीय होंगे।इससे पहले यह सम्मान जॉर्ज वॉशिंगटन, नेल्सन मंडेला, मार्टिन लूथर किंग जूनियर, मदर टेरेसा और रोजा पार्क्स जैसी महान हस्तियों को दिया जा चुका है।महात्मा गांधी का ऐतिहासिक सत्याग्रह (आत्मा-शक्ति के लिए संस्कृति) अहिंसक प्रतिरोध के आंदोलन ने एक राष्ट्र और दुनिया को प्रेरित किया। उनका उदाहरण हमें दूसरों की सेवा के लिए खुद को समर्पित करने के लिए उत्साहित करता है।

बलूचिस्तान/नई दिल्ली (शोर संदेश)। पाकिस्तान के दक्षिण-पश्चिम क्वेटा शहर में रविवार रात हुए विस्फोट में कम से कम 2 पुलिसकर्मियों की मौत हो गई 10 से ज्यादा घायल हो गए। अस्पताल पुलिस अधिकारियों ने यह जानकारी दी। सिविल अस्पताल क्वेटा के प्रवक्ता वसीम बेग ने कहा कि देश के दक्षिण-पश्चिमी बलूचिस्तान प्रांत की राजधानी क्वेटा के यूनिटी चौक इलाके के पास हुए विस्फोट में 6 पुलिसकर्मियों समेत कम से कम 11 लोग घायल हो गए।
क्षेत्र के पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह हमला उस समय हुआ जब नियमित गश्त पर पुलिस का एक दल विस्फोट स्थल से गुजर रहा था। पुलिस ने कहा कि एक मोटरसाइकिल में विस्फोटक मटेरियल लगाया गया, हमले में पुलिस वाहन को निशाना बनाया गया था। सुरक्षा बल बचाव दल मौके पर पहुंचे घायलों को शहर के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया। सुरक्षा बलों ने इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।अभी तक किसी भी समूह या व्यक्ति ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।


काबुल/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। अफगानिस्तान के नूरिस्तान प्रांत के कामदेश जिले में आई बाढ़ में कम से कम 40 लोगों की मौत हो गई। अचानक आई बाढ़ में कई अन्य लापता भी हो गए। कामदेश जिले के मिर्देश गांव में गुरुवार को भारी बारिश के कारण आई बाढ़ ने कई ग्रामीणों को अपनी चपेट में ले लिया। प्रारंभिक जानकारी से पता चला है कि स्थानीय ग्रामीणों के 40 शव मिले हैं, जबकि कई अन्य अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। अधिकारियों ने कहा कि गांव के लगभग सभी घर बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि गांव में पानी भर गया है। बाढ़ ने मवेशियों, कृषि भूमि को नष्ट कर दिया है। जानकारी के अनुसार पाकिस्तान की सीमा से लगे कामदेश जिले में एक सड़क के एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह से ध्वस्त हो गया, जिसके परिणामस्वरूप इसे बंद कर दिया गया।

00 आईएस ने ली हमले की जिम्मेदारी
बग़दाद/नई दिल्ली (शोर संदेश)। इराक की राजधानी बगदाद के उपनगर में ईद से पहले बड़ा धमाका हुआ है। बम धमाके में कम से कम 25 लोगों की मौत हो गई जबकि दर्जनों अन्य घायल हो गए। इराकी सुरक्षा अधिकारियों ने यह जानकारी दी। इस हमले की जिम्मेदारी आईएस ने ली है। धमाका सद्र शहर में एक भीड़भाड़ वाले बाजार में हुआ। यह विस्फोट ईद-उल-अजहा से एक दिन पहले हुआ है जब लोग बाजार में खरीदारी में व्यस्त थे। इससे पहले अप्रैल में सद्र शहर में हुए कार बम धमाके में कम से कम चार लोगों की मौत हो गई थी।इराकी सेना के बयान के अनुसार, प्रधानमंत्री मुस्तफा अल-कदीमी ने बाजार के क्षेत्र के लिए जिम्मेदार संघीय पुलिस रेजिमेंट के कमांडर को गिरफ्तार करने का आदेश दिया है। बयान में यह भी कहा गया है कि इसकी जांच की जा रही है। इस साल यह तीसरा मौका है जब बाजार में धमाका हुआ है।बयान के अनुसार, प्रधान मंत्री मुस्तफा अल-कदीमी ने बाजार के क्षेत्र के लिए जिम्मेदार संघीय पुलिस रेजिमेंट के कमांडर को गिरफ्तार करने का आदेश दिया है। बयान में यह भी कहा गया है कि इसकी जांच की जा रही है। पुलिस के एक सूत्र ने बताया कि 60 से अधिक लोग घायल हुए हैं। मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है क्योंकि कुछ घायलों की हालत गंभीर है। मरने वालों में महिलाएं बच्चे भी शामिल हैं। विस्फोट के कारण कुछ दुकानें जलकर खाक हो गईं। इराकी सेना ने एक बयान में कहा कि हमला सदर शहर के वहैलत बाजार में हुआ।

00 तालिबान ने अपनी भूमिका से किया इनकार, रेसक्रॉस को सौंपा शव
कंधार/नई दिल्ली (शोर संदेश)। अफगानिस्तान के कंधार में तालिबानियों और अफगान सैनिकों के बीच जारी खूनी संघर्ष को कवर करने के दौरान भारतीय फोटो पत्रकार दानिश सिद्दीकी की हत्या हो गई है। दानिश की हत्या के पीछे तालिबानियों का हाथ होने की आशंका जताई जा रही थी। इसी बीच तालिबान ने इससे साफ इनकार कर दिया है। सिद्दीकी की हत्या के मामले में प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद ने कहा, `हमें नहीं पता कि पत्रकार किसके फायरिंग के दौरान मारा गया था। हम नहीं जानते कि उसकी मौत कैसे हुई।`सिद्दीकी की हत्या पर संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने शुक्रवार को अफगानिस्तान दुख व्यक्त किया है। इसके साथ ही युद्धग्रस्त देश में संयुक्त राष्ट्र मिशन ने उनकी हत्या के साथ-साथ अन्य पत्रकारों की भी जांच की मांग भी की है।सूत्रों के अनुसार मुजाहिद ने कहा, `युद्ध क्षेत्र में प्रवेश करने वाले किसी भी पत्रकार को हमें सूचित करना चाहिए। हम उस व्यक्ति विशेष की उचित देखभाल करेंगे।` सिद्दीकी की मौत पर खेद व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें भारतीय पत्रकार दानिश सिद्दीकी की मौत के लिए खेद है। उन्होंने आगे कहा कि उन्हें खेद है कि पत्रकार हमें सूचित किए बिना युद्ध क्षेत्र में प्रवेश कर रहे हैं। दानिश का शव रेड क्रॉस की अंतर्राष्ट्रीय समिति (ICRC) को सौंप दिया गया है। उनके शव को अब भारत लाने की तैयारी की जा रही है।दानिश की मौत पर दुःख जताते गए सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि दानिश अपने पीछे असाधारण काम अंजाम देकर गए हैं। उन्होंने दानिश की एक तस्वीर भी साझा की।प्रेस क्लब ऑफ इंडिया ने उनकी मौत को सदमा बताते हुए कहा कि सच्ची पत्रकारिता के लिए साहस की जरूरत होती है, दानिश का काम इसे साबित करता है। इसे व्यक्त करने के लिए शब्द नहीं हैं।अफगानिस्तान में अमेरिकी उपराजदूत रोज विल्सन ने दानिश की हत्या की खबर को दुखद और दिल दुखाने वाली त्रासदी बताया। साथ ही पूर्ण युद्धबंदी की मांग भी की है।बता दें कि पुलित्जर पुरस्कार विजेता भारतीय फोटो पत्रकार दानिश सिद्दीकी अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी के लिए काम करते थे। अफगानिस्तान के समाचार चैनल ने सूत्रों के हवाले से बताया है, सिद्दीकी की मौत स्पिन बोल्डक इलाके में हुई है, जो कंधार प्रांत में स्थित है। यहां इस समय भीषण हिंसा हो रही है। सिद्दिकी बीते कुछ दिनों से कंधार में जारी हालात की कवरेज कर रहे थे।

लाहौर/नई दिल्ली (शोर संदेश)। पाकिस्तान के उत्तरी राज्य खैबर पख्तूख्वा में एक बस में बम धमाका हुआ है, जिसमें 10 लोगों की मौत हुई है। मरने वालों में चीन के भी 6 नागरिक शामिल हैं। ये सभी इंजीनियर थे, जो चाइना-पाकिस्तान इकनॉमिक कॉरिडोर से जुड़े एक प्रोजेक्ट के लिए काम कर रहे थे। इसके अलावा एक पाकिस्तानी सैनिक की भी मौत हुई है। बुधवार को एक बस को निशाना बनाते हुए आतंकियों ने धमाका किया था। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि विस्फोटक रोड पर कहीं रखा था या फिर बस में ही बम प्लांट किया गया था। बम धमाके के बाद बस एक गहरे नाले में जा गिरी, जिसके चलते बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ।शुरुआत में 8 लोगों के ही मरने की जानकारी मिली थी, लेकिन बाद में लापता एक चीनी इंजीनियर और एक पाकिस्तानी सैनिक का शव मिला। इस तरह से मरने वालों का आंकड़ा बढ़ते हुए 10 हो गया। फिलहाल राहत एवं बचाव कार्य जारी है और घायलों को एयर एंबुलेंस के जरिए इलाज के लिए अस्पताल ले जाया जा रहा है। इस बम धमाके में बड़ी संख्या में लोग घायल भी हुए हैं। हजारा क्षेत्र के एक प्रशासनिक अधिकारी ने कहा कि जिस बस को निशाना बनाते हुए धमाका किया गया था, उसमें करीब 30 चीनी इंजीनियर भी सवार थे। ये लोग ऊपरी कोहिस्तान इलाके में स्थित दासू डैम पर जा रहे थे।
यह दासू डैम चाइना पाकिस्तान इकनॉमिक कॉरिडोर का हिस्सा है। चीन के 65 अरब डॉलर के बेल्ट एंड रोड प्रोजेक्ट के तहत ही चाइना पाकिस्तान इकनॉमिक कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है। इसके तहत चीन ने अपने पश्चिमी हिस्से को पाकिस्तान के ग्वादर पोर्ट से जोड़ने का लक्ष्य तय किया है। ऐसा होने पर चीन की मध्य और पश्चिम एशिया के देशों तक सीधे तौर पर कारोबारी पहुंच होगी। चाइना पाकिस्तान इकनॉमिक कॉरिडोर के तमाम प्रोजेक्ट्स पर काम के लिए चीन ने बड़ी संख्या में अपने इंजीनियरों को भेजा है। ये लोग प्रोजेक्ट के निर्माण में इंजीनियरिंग का काम कर रहे हैं, जबकि पाकिस्तान के मजदूर निर्माण में लगे हुए हैं।

न्यूयॉर्क/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। अमेरिका के फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (एफएए) ने सोमवार को ब्ल्यू ओरिजन कंपनी को अपने अंतरिक्ष मिशन `न्यू शेफर्ड` की अंतरिक्ष यात्रा का लाइसेंस जारी कर दिया। इस मिशन के जरिए कंपनी मानव को अंतरिक्ष में ले जाएगी। अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस ने ब्ल्यू ओरिजन का पहला मिशन 20 जुलाई को यात्रियों को लेकर अंतरिक्ष को रवाना होगा। जेफ बेजोस की ब्ल्यू ओरिजन की पहली यात्रा सफल रही तो ऐसा करने वाली विश्व की दूसरी कंपनी होगी। मिशन से पहले कंपनी को अपने लांन्च व्हीकल रॉकेट के हार्डवेयर व सॉफ्टवेयर को सुरक्षा मानकों के लिए एफएए से प्रमाणित करवाने की जरूरत थी। इसे अनुमति दे दी गई है। 2 दिन पहले ही उसकी प्रतियोगी कंपनी वर्जिन गैलेक्टिक अपने मालिक रिचर्ड ब्रेनसन और पांच अन्य को अंतरिक्ष की सैर करा चुकी है। इन दोनों के अलावा अमेरिकी अरबपति एलन मस्क की कंपनी स्पेस एक्स भी जल्द ही नागरिकों को अंतरिक्ष यात्रा करवाने का काम शुरू कर रही है।
00 अंतरिक्ष में कारोबारी खींचतान शुरू, बेजोस की कंपनी ने कहा, ब्रेनसन अंतरिक्ष तक नहीं पहुंचे
अंतरिक्ष के कारोबार में गलाकाट स्पर्धा रहने वाली है। अंतरिक्ष की सैर कराने में पीछे रह गई ब्ल्यू ओरिजन कंपनी ने कहा है कि वर्जिन गैलेक्टिक के मालिक रिचर्ड ब्रेनसन अंतरिक्ष तक पहुंचने वाले पहले अरबपति हैं। कंपनी ने कहा, अंतरिक्ष कारमान लाइन यानी धरती की सतह से 100 किमी ऊंचाई से शुरू होता है, जबकि ब्रेनसन को लेकर गया वीएसएस यूनिटी यान 89 किमी की ऊंचाई तक ही गया था। अंतरिक्ष को कुछ खगोल विज्ञानी कारमान लाइन यानी 100 किमी के बाद शुरू मानते हैं। हालांकि अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा का मानना है कि धरती की सतह से 80 किमी ऊंचाई पर अंतरिक्ष शुरू होता है।

नसीरिया/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। इराक के नासिरिया में एक कोविड-19 अस्पताल में दर्दनाक हादसा हुआ है। इस अस्पताल में भीषण आग लगने से 50 लोगों की मौत हो गई है और कई लोग घायल हुए हैं। अधिकारियों ने बताया कि नासिरया शहर के इस अस्पताल में कम से कम 50 लोगों की मौत हुई है तथा अन्य की हालत नाजुक बनी हुई है। मरने वाले लोग बुरी तरह झुलस गए थे। उन्होंने बताया कि आग इलेक्ट्रिक शॉर्ट सर्किट के कारण लगी। एक अन्य अधिकारी ने कहा कि आग ऑक्सीजन सिलेंडर फटने की वजह से लगी। स्वास्थ्य मंत्रालय ने आग लगने के कारण के बारे में कुछ नहीं कहा है। दो चिकित्सा अधिकारियों ने बताया कि अस्पताल में यह वार्ड तीन महीने पहले खुला था और इसमें 70 बेड थे। स्वास्थ्य विभाग के प्रवक्ता अम्मार अल जामिली ने बताया कि जब आग लगी तब कम से कम 63 मरीज वार्ड के भीतर थे। इराक के किसी अस्पताल में इस वर्ष आग लगने की यह दूसरी घटना है। इससे पहले, अप्रैल में बगदाद के एक अस्पताल में ऑक्सीजन टैंक फटने की वजह से आग लगी थी और तब कम से कम 82 लोगों की मौत हो गई थी। स्वास्थ्य कर्मचारियों ने जलते हुए अस्पताल से शवों को बाहर निकाला, जबकि कई मरीज धुएं के बीच खांस रहे थे।
नासिरिया के स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा कि आग पर काबू पाने के बाद अल-हुसैन कोरोना वायरस अस्पताल में राहत व बचाव अभियान जारी था, लेकिन घने धुएं के कारण कुछ वार्डों में घुसना मुश्किल हो रहा था। प्रारंभिक पुलिस रिपोर्ट में बताया गया है कि अस्पताल के कोविड 19 वार्डों के अंदर एक ऑक्सीजन टैंक फटने से ये आग लगी थी। अस्पताल के एक गार्ड अली मुहसिन ने कहा कि मैंने कोविड वार्ड के अंदर एक बड़ा विस्फोट सुना और फिर आग बहुत तेजी से भड़की।

00 मेसी के दम पर जीता खिताब, बनाया इतिहास
रियो डी जेनेरियो/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। अर्जंटीना ने कोपा अमेरिका 2021 के फाइनल मुकाबले में ब्राजील को हराकर इतिहास रच दिया है। मेसी के शानदार प्रदर्शन पर अर्जेंटीना इंटरनेशनल लेवल पर पहला बड़ा खिताब जीता। अर्जेंटीना ने 1993 के बाद पहली बार कोपा अमेरिका का खिताब जीता है। अर्जेंटीना ने फाइनल में ब्राजील को 1-0 से शिकस्त दी है। अर्जेंटीना के साथ लियोनेल मेसी की यह पहली बड़ी ट्रॉफी है।
मैच खत्म होने के बाद मेसी की आंखों में आंसू थे। वह घुटने के बल बैठ गए और हाथों से अपने चेहरे को ढक लिया। इसके बाद टीम के अधिकतर साथी जश्न मनाने के लिए उनकी ओर दौड़े और उन्हें हवा में उछाल दिया। पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान मेसी ने ट्रॉफी को चूमा और फिर हवा में उठा दिया।रियो दि जिनेरियो के मराकाना स्टेडियम में मैच का एकमात्र गोल 22वें मिनट में एंजेल डि मारिया ने दागा। रोड्रिगो डि पॉल ने मारिया की तरफ लंबा पास दिया। तैंतीस 33 साल के इस अनुभवी स्ट्राइकर ने लेफ्ट बैक रेना लोडी की खराब डिफेंडिंग का फायदा उठाते हुए गेंद को अपने कब्जे में लिया और गोलकीपर एडरसन को छकाते हुए अर्जेन्टीना को बढ़त दिला दी जो निर्णायक साबित हुई। अर्जेन्टीना ने इस तरह 1993 से चले आ रहे खिताब के सूखे को खत्म किया।टूर्नामेंट में ब्राजील के खिलाफ यह सिर्फ तीसरा गोल था। नेमार ने खूबसूरत ड्रिबल और पास का नजारा पेश करके ब्राजील को बराबरी दिलाने की कोशिश की लेकिन मेजबान टीम के स्ट्राइकर अर्जेन्टीना के गोलकीपर एमिलियानो मार्टिनेज को बामुश्किल परेशान कर पाए। कोच टिटे की ब्राजील टीम ने कोपा अमेरिका के पिछले पांच मुकाबले जीते थे और सभी में गोल दागे थे।
मेसी को मलाल रहेगा कि टूर्नामेंट में पिछले मुकाबलों की तरह फाइनल में भी वह प्रभावी प्रदर्शन नहीं कर पाए। उन्होंने हालांकि टूर्नामेंट के दौरान चार गोल किए और पांच गोल करने में मदद की। मेसी को 88वें मिनट में गोल करने का शानदार मौका मिला। उन्हें सिर्फ ब्राजील के गोलकीपर को छकाना था लेकिन एडरसन ने उन्हें रोक दिया।
अर्जेन्टीना के कोच लियोन स्केलोनी ने हैरान करते हुए सेमीफाइनल में कोलंबिया को पेनल्टी शूट आउट में हराने वाली टीम की शुरुआती एकादश में पांच बदलाव किए। उन्होंने गोंजेलो मोंटिएल, क्रिस्टियन रोमेरो, मार्कोस एकुना, लिएंड्रो पेरेडेस और डि मारिया को शुरुआत एकादश में नाहुएल मोलिना, निकोलस टेगलियाफिको, गुइडो रोड्रिग्ज और निकोलस गोंजालेज की जगह मौका दिया।
00 ब्राजील ने हालांकि अपनी शुरुआती एकादश में कोई बदलाव नहीं किया।
यह खिताब अर्जेन्टीना के लिए राहत है जिसने अपना पिछला बड़ा खिताब तब जीता था जब मेसी सिर्फ छह साल के थे। रियो में शनिवार का खिताब अर्जेन्टीना का 15वां कोपा अमेरिका खिताब है। अर्जेन्टीना की टीम टूर्नामेंट में अजेय रही और उसने उरूग्वे के रिकॉर्ड की बराबरी की। ब्राजील ने नौ बार यह खिताब जीता है।
मेसी ने बार्सीलोना के साथ कई खिताब जीते लेकिन 2007, 2015 और 2016 में कोपा अमेरिका के फाइनल में पहुंचने के बावजूद उनकी टीम को हर बार हार का सामना करना पड़ा। अब टीम के पास मराकाना स्टेडियम की अच्छी यादें हैं जहां अर्जेन्टीना को 2014 विश्व कप के फाइनल में जर्मनी के खिलाफ शिकस्त झेलनी पड़ी थी।