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5000 Rupee Note: बदल दिए जाएंगे सारे नोट, प्लास्टिक से बनेंगे, 5000 रुपये का नोट भी चलेगा

25-Aug-2024
  ( शोर संदेश )   आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान ने अपनी करेंसी को लेकर बड़ा निर्णय लिया है. यह फैसला भारत की नोटबंदी से मिलता-जुलता है. मगर, नोटों को बदलने का फैसला बिलकुल अलग तरीके से लागू किया जाएगा. इसका ऐलान अभी से कर दिया गया है ताकि लोगों को इस बारे में जानकारी रहे. स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान के गवर्नर जमील अहमद ने कहा है कि देश में चल रहे सभी कागज के नोटों को दिसंबर तक पॉलीमर प्लास्टिक नोट से बदल दिया जाएगा. इससे फेक करेंसी की समस्या खत्म हो जाएगी. 
नए प्लास्टिक नोट रीडिजाइन होंगे, सुरक्षा फीचर भी बढ़ेंगे 
जमील अहमद ने सीनेट की एक कमेटी से कहा कि नए प्लास्टिक नोटों को रीडिजाइन किया जाएगा. साथ ही इसमें सुरक्षा के नए फीचर और होलोग्राम जोड़ा जाएगा. उन्होंने कहा कि 10 रुपये से लेकर 50, 100, 500, 1000 और 5000 के नए नोट जारी किए जाएंगे. सीनेट कमेटी के सूत्रों के हवाले से पता चला है कि पुराने नोटों को तत्काल नहीं हटाया जाएगा. इन्हें 5 साल तक चलने दिया जाएगा. इसके बाद धीरे-धीरे इन्हें मार्केट से बाहर कर दिया जाएगा. 
ऑस्ट्रेलिया ने सबसे पहले 1998 में चलाए थे ऐसे नोट
स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान के गवर्नर ने बताया कि सेंट्रल बैंक नए पॉलीमर प्लास्टिक बैंक नोट के साथ प्रयोग कर रहा है. इस नोट को जनता को इस्तेमाल करने के लिए दिया जाएगा. अगर सही प्रतिक्रिया आई तो सारे नोट प्लास्टिक के बना दिए जाएंगे. फिलहाल 40 देशों में पॉलीमर प्लास्टिक बैंक नोट इस्तेमाल किए जा रहे हैं. ऐसा कहा जाता है कि इनके नकली नोट बनाना बहुत मुश्किल काम है. ऑस्ट्रेलिया ने सबसे पहले 1998 में ऐसे नोट चलाए थे. 
भ्रष्टाचार के आरोपों के बाद भी चलता रहेगा 5000 रुपये का नोट
इसके अलावा जमील अहमद ने स्पष्ट किया कि पाकिस्तान में 5000 रुपये का नोट चलता रहेगा. सेंट्रल बैंक ने इसे बंद करने की कोई योजना नहीं बनाई है. पाकिस्तान में इस बड़े नोट के खिलाफ आवाज उठाई जा रही थी. सीनेट मेंबर मोहम्मद अजीज ने कहा था कि इतने बड़े नोट से भ्रष्टाचार करने में आसानी हो जाती है. मगर, स्टेट बैंक गवर्नर ने कहा कि अभी हमें 5000 रुपये के नोट की जरूरत है.

कोलकाता कांड: अब पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष के घर पहुंची सीबीआई, फॉरेंसिक टीम के डॉक्टर के ठिकानों पर भी छापा

25-Aug-2024
कोलकाता    ( शोर संदेश )   रेप-मर्डर मामले में नया अपडेट आया है. क्राइम वाली जगह आरजी कर हॉस्पिटल में कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच के लिए सीबीआई की टीम अस्पताल के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. संदीप घोष के घर पहुंची. इसके अलावा, चार और ठिकानों पर भी सीबीआई की एंटी-करप्शन ब्रांच पहुंची है, जिसमें आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के फोरेंसिक मेडिसिन एवं टॉक्सिकोलॉजी के डेमोस्ट्रेटर डॉ. देबाशीष सोम का घर भी शामिल है.
सीबीआई की एक टीम डॉ. संदीप घोष के आवास पर पहुंची, दूसरी टीम आरजी कर में फोरेंसिक मेडिसिन के प्रोफेसर डॉ. देबाशीष सोम के आवास पर और तीसरी टीम आरजी कर अस्पताल के पूर्व एमएसवीपी संजय वशिष्ठ के आवास पर पहुंची है. सीबीआई की एंटी-करप्शन ब्रांच, आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के प्रशासनिक ब्लॉक में पहुंची.
अस्पताल के पूर्व उप-अधीक्षक अख्तर अली ने मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में हो रहे भ्रष्टाचार एवं अनियमितताओं के संबंध में डॉ. देबाशीष सोम का नाम लेते हुए शिकायत दर्ज कराई है.
मामले में मुख्य आरोपी संजय रॉय का पॉलीग्राफ टेस्ट जेल में ही किया जाएगा, जहां वो 14 दिन की न्यायिक हिरासत में है. बाकी छह लोगों का टेस्ट सीबीआई के दफ्तर में किया जा रहा है. संजय का पॉलीग्राफ टेस्ट इसलिए जरूरी है, क्योंकि वो इस केस का मुख्य आरोपी है. उससे जानना है कि शक के मुताबिक कब कैसे वारदात को अंजाम दिया, क्या उसके साथ कोई और भी शामिल था. पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष शुरू से शक के घेरे में है. उनसे नौवें दिन भी सवाल हो रहे हैं. अबतक 100 घंटे से ज्यादा की उनसे पूछताछ हो चुकी है. 
पूर्व उपाधीक्षक अख्तर अली की याचिका पर निर्देश
एक सीबीआई अधिकारी ने बताया कि यह कार्रवाई हाई कोर्ट के निर्देश पर की गई है, जिसने जांच को राज्य द्वारा गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) से एजेंसी को स्थानांतरित कर दिया था. सीबीआई ने शनिवार को एसआईटी से आवश्यक दस्तावेज एकत्र किए और एफआईआर को फिर से दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी. हाई कोर्ट ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के पूर्व उपाधीक्षक अख्तर अली की याचिका पर निर्देश जारी किए थे, जिन्होंने संदीप घोष के कार्यकाल के दौरान हुए करप्शन की ईडी से जांच का अनुरोध किया था.
कोलकाता कांड की गुत्थियां सुलझाने मे लगी सीबीआई
इस मामले में बाकी चार जूनियर डॉक्टरों का टेस्ट इसिलए क्योंकि वो उस रात मौके पर थे. वो इस केस से जुड़ा बड़ा सच और असलियत बता सकते हैं. पीड़िता लेडी डॉक्टर ने वारदात से पहले रात में इनके साथ खाना खाया था. उस रात क्या हुआ उस पर वो रोशनी डाल सकते हैं. एक वालंटियर का टेस्ट इसलिए कराया गया, क्योंकि उसके पास काफी कुछ जानकारी है. सीबीआई लगातार कोलकाता रेप कांड की गुत्थियों को सुलझाने मे लगी है, लेकिन अब तक एक आरोपी संजय रॉय की गिरफ्तारी के सिवाय किसी नतीजे पर नहीं पहुंच पाई है. सीबीआई क्राइम सीन के रीक्रिएशन के अलावा तमाम तरीके आजमा चुकी है. दर्जनों लोगों से लगातार पूछताछ हो रही है.
कब और कैसे हुई ये खौफनाक वारदात
ये खौफनाक वारदात 8-9 अगस्त की रात की है, जब कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज से ट्रेनी डॉक्टर की लाश मिली थी. इस डॉक्टर की उम्र 31 वर्ष थी, जो उस दिन तीन और डॉक्टर्स के साथ नाइट ड्यूटी पर थी. इनमें दो डॉक्टर चेस्ट मेडिसिन डिपार्टमेंट थे, एक ट्रेनी थी. एक कर्मचारी अस्पताल के हाउस स्टाफ से था. उस रात को इन सभी डॉक्टर्स और कर्मचारियों ने साथ में खाना खाया था.
इसके बाद महिला डॉक्टर रात को करीब दो बजे सोने के लिए अस्पताल के सेमिनार हॉल में चली गई. इसके बाद संजय रॉय पीछे के रास्ते से इस सेमिनार हॉल में आया और पहले उसने इस लड़की की निर्ममता से हत्या की और फिर उसका रेप किया. सबसे बड़ी बात ये है कि ये आरोपी ना तो अस्पताल के स्टाफ से था, ना ही किसी मरीज का कोई रिश्तेदार था. वो कोलकाता पुलिस के लिए सिविक वांलटियर का काम करता था.

'मुझे महान देश की यात्रा करके खुशी होगी...', पीएम मोदी के भारत आने के निमंत्रण पर बोले जेलेंस्की

24-Aug-2024
  ( शोर संदेश )   प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को यहां राष्ट्रपति वलोदिमीर जेलेंस्की के साथ व्यापक वार्ता की और यूक्रेन तथा रूस के बीच जारी संघर्ष का समाधान निकालने के लिए एक-दूसरे से बातचीत की जरूरत पर बल दिया. इस दौरान प्रधानमंत्री ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदिमीर जेलेंस्की को भारत आने का निमंत्रण भी दिया. 
इस पर जेलेंस्की ने कहा कि उन्हें "महान" देश की यात्रा करके खुशी होगी. दोनों नेताओं के बीच बातचीत के बाद मीडिया ब्रीफिंग के दौरान विदेश मंत्री एस जयशंकर ने पुष्टि की कि मोदी ने जेलेंस्की को भारत आने का निमंत्रण दिया है.उन्होंने कहा, "यह महत्वपूर्ण है कि हमारे प्रधानमंत्री ने 1992 के बाद पहली बार यूक्रेन का दौरा किया है. ऐसे अवसरों पर यह स्वाभाविक है कि वह निमंत्रण दें, जैसा कि उन्होंने इस मामले में किया."
विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा, "इसलिए हम उम्मीद करते हैं कि अपनी सुविधा के अनुसार, राष्ट्रपति जेलेंस्की भारत आएंगे." संयुक्त बयान में यह भी कहा गया कि मोदी ने जेलेंस्की को अपनी सुविधा के अनुसार भारत आने का निमंत्रण दिया.
जेलेंस्की बोले- भारत आकर खुशी होगी
मोदी के निमंत्रण के बारे में मीडिया ब्रीफिंग में पूछे जाने पर जेलेंस्की ने कहा कि उन्हें भारत आकर खुशी होगी. उन्होंने कहा, "हां (भारत की यात्रा की योजना), क्योंकि जब आप रणनीतिक साझेदारी शुरू करते हैं और आप कुछ बातचीत शुरू करते हैं, तो मुझे लगता है कि आपको समय बर्बाद करने और बहुत देर तक विराम लेने की जरूरत नहीं होती है. इसलिए मुझे लगता है कि फिर से मिलना अच्छा रहेगा." यूक्रेनी राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि वह चाहते हैं कि भारत उनके देश के पक्ष में हो.
उन्होंने कहा, "मैंने आपके बड़े और महान देश के बारे में बहुत कुछ पढ़ा है. यह अफ़सोस की बात है, क्योंकि युद्ध के दौरान, मेरे पास देखने और देखने का समय नहीं था.  मुझे आपके देश की बहुत जरूरत है.  यह आपकी ऐतिहासिक पसंद के बारे में नहीं है, लेकिन कौन जानता है कि शायद आपका देश इस राजनयिक प्रभाव की कुंजी साबित हो सकता है. जैसे ही आपकी सरकार और प्रधानमंत्री मुझसे मिलने के लिए तैयार होंगे, तो मुझे भारत आने में खुशी होगी." साथ ही, उन्होंने सुझाव दिया कि यात्रा यूक्रेन की स्थिति पर भी निर्भर करेगी.
भारत की इच्छा से कराया अवगत- जयशंकर
वहीं पीएम और जेंलेस्की की मुलाकात पर विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि प्रधानमंत्री ने जेलेंस्की को यूक्रेन में शांति बहाली के लिए ‘हर संभव तरीके’ से योगदान करने की भारत की इच्छा से अवगत कराया. उन्होंने कहा, ‘यह बहुत विस्तृत, खुली और कई मायनों में रचनात्मक वार्ता थी. बातचीत कुछ हद तक सैन्य स्थिति, खाद्य और ऊर्जा सुरक्षा जैसी चिंताओं और ‘शांति के लिए सभी संभव तरीकों’ पर केंद्रित थी.'
जयशंकर ने कहा कि चर्चा को आगे बढ़ाने के प्रभावी तरीकों पर भी चर्चा हुई. उन्होंने कहा, ‘भारत का मानना है कि दोनों पक्षों (यूक्रेन और रूस) को समाधान खोजने के लिए एक-दूसरे के साथ बातचीत करने की जरूरत है.’
 

पुतिन vs जेलेंस्की को पीएम मोदी की झप्पी, जब हाजिरजवाब जयशंकर ने पत्रकार को पढ़ाया इंडिया वाला पाठ

24-Aug-2024
कीव।   ( शोर संदेश )  पहले हाथ मिलाया, और फिर गले लगा लिया... प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की को गले लगाकर भारतीय संस्कृति का परिचय दिया. लेकिन शायद कुछ लोगों को ये अच्छा नहीं लगा. ऐसे में जब एक रिपोर्टर ने पीएम मोदी के जेलेंस्की को गले लगाने से जुड़ा सवाल पूछा, तो विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने उन्हें भारतीय संस्कृति का पाठ पढ़ा दिया. जयशंकर ने कहा कि गले लगाना सदियों से हमारी संस्कृति का हिस्सा रहा है. हम अपने से इसी तरह मिलते हैं. 
पहले हाथ मिलाया, फिर गले लगाया
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को यहां यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की से मुलाकात के दौरान पहले उनसे हाथ मिलाया और फिर तुरंत उन्हें गर्मजोशी से गले लगा लिया. इस पर विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा कि गले लगाना हमारी संस्कृति का हिस्सा है. युद्धग्रस्त देश के शीर्ष नेता को गले लगाने के बमुश्किल छह सप्ताह पहले मोदी ने यूक्रेन के कट्टर दुश्मन रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को इसी तरह गले लगाया था.
गले मिलना भारतीय संस्कृति 
मोदी-जेलेंस्की वार्ता के बाद मीडिया से बातचीत के दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर से ‘गले मिलने' के बारे में सवाल पूछा गया था. इस सवाल का उद्देश्य पहले पुतिन और अब जेलेंस्की के साथ मोदी की मुलाकात के बीच संबंधों पर प्रतिक्रिया मांगना था. जयशंकर ने एक पश्चिमी पत्रकार के एक विशिष्ट प्रश्न का उत्तर देते हुए कहा, "दुनिया के हमारे हिस्से में जब लोग मिलते हैं, तो वे एक-दूसरे को गले लगाते हैं, यह आपकी संस्कृति का हिस्सा नहीं हो सकता है, लेकिन मैं आपको आश्वस्त कर सकता हूं कि यह हमारी संस्कृति का हिस्सा है. वास्तव में आज, मुझे लगता है, मैंने देखा, प्रधानमंत्री (मोदी) ने भी राष्ट्रपति जेलेंस्की को गले लगाया."
पत्रकार ने अपने सवाल में कहा था कि कुछ सप्ताह पहले मोदी द्वारा पुतिन को गले लगाने के बारे में इसी तरह उल्लेख किया गया था. जयशंकर ने कहा, "मैंने उन्हें कई अन्य स्थानों पर कई अन्य- नेताओं के साथ ऐसा करते देखा है. इसलिए, मुझे लगता है, इन शिष्टाचारों के अर्थ के संदर्भ में हमारे यहां थोड़ा-सा सांस्कृतिक अंतर है."
 

शरद पवार और सुप्रिया सुले ने मुंह पर बांधी काली पट्टी, एमवीए नेताओं ने बदलापुर दुष्कर्म मामले पर दिया धरना

24-Aug-2024
पुणे।  ( शोर संदेश )  बदलापुर में दो बच्चियों के साथ हुई दुष्कर्म मामले में आज महाविकास अघाड़ी दल के नेता विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के अध्यक्ष शरद पवार और लोकसभा सांसद सुप्रिया सुले ने  पुणे रेलवे स्टेशन पर डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की प्रतिमा के सामने एक घंटे के मौन प्रदर्शन का नेतृत्व किया।
दोनों नेताओं ने अपने मुंह पर काली पट्टी बांधकर राज्य में महिलाओं और लड़कियों के साथ हो रहे अत्याचार के खिलाफ प्रदर्शन किया।
कोर्ट ने महाराष्ट्र बंद के फैसले पर लगाई रोक
गौरतलब है कि बदलापुर दुष्कर्म मामले में महाविकास अघाड़ी दल ने आज  महाराष्ट्र बंद का एलान किया था। हालांकि, शुक्रवार को बॉम्बे हाई कोर्ट ने आदेश दिया कि महाराष्ट्र बंद के फैसले को रद्द किया जाए। कोर्ट ने कहा था कि बंद होने से आम जन जीवन अस्त-व्यस्त होता है। इसके बाद महा विकास अघाड़ी ने अब शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने का फैसला लिया है।

असम में नाबालिग से दुष्कर्म करने वाले मुख्य आरोपी ने तालाब में लगाई छलांग, मौत; क्राइम सीन पर ले जा रही थी पुलिस

24-Aug-2024
नागांव। ( शोर संदेश )  असम के नागांव जिले के धींग में सामूहिक दुष्कर्म को अंजाम देने वाले मुख्य आरोपी तफजुल इस्लाम की मौत की मौत हो गई है। पुलिस ने शनिवार सुबह चार बजे क्राइम सीन को रिक्रएट करने के लिए अपराध स्थल पर ले जा रही थी। तभी उसने तालाब में कूदकर पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश की। तलाब में डूबने से तफजुल इस्लाम की मौत हो गई। 
तालाब में डूबने से हुई मौत 
पुलिस ने जानकारी दी कि तलाब में डूबने की आशंका से पुलिस ने बचाव अभियान चलाया। दो घंटे बचाव अभियान चलाने के बाद उसका शव तालाब से बरामद किया गया।
बता दें कि गुरुवार (22 अगस्त) को दसवीं कक्षा की एक छात्रा के साथ तीन लोगों ने कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार किया और उसे बेहोशी की हालत में छोड़ दिया था। पीड़िता शाम 6 बजे अपनी ट्यूशन क्लास से लौट रही थी, तभी तीन लोगों ने उसका अपहरण कर लिया।
लड़की को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस घटना को लेकर असम के लोगों में काफी आक्रोश है। लोग आरोपी को कड़ी सजा की मांग कर रहे हैं। 

भारत ने लॉन्च किया पहला रीयूजेबल हाइब्रिड रॉकेट आरएचयूएमआई- 1

24-Aug-2024
 ( शोर संदेश )  भारत ने शनिवार को अपने पहले रीयूजेबल हाइब्रिड रॉकेट की लॉन्चिंग की. इस रॉकेट को तमिलनाडु स्थित स्टार्ट-अप स्पेस जोन इंडिया और मार्टिन ग्रुप द्वारा विकसित किया गया है. इस रॉकेट के साथ कुछ उपग्रहों को भी लॉन्च किया गया है.
भारत अपनी युद्ध क्षमताओं को बढ़ाने के लिए लगातार नए प्रयोग कर रहा है. जिससे दुश्मन की नापाक हरकतों का तुरंत मुंहतोड़ जवाब दिया जा सके. इसी कड़ी में भारत ने शनिवार को अपना पहला रीयूजेबल हाइब्रिड रॉकेट RHUMI-1 की लॉन्चिंग की. इस रॉकेट का प्रक्षेपण चेन्नई के थिरुविदंधई से किया गया. इस रॉकेट को तमिलनाडु स्थित स्टार्ट-अप स्पेस जोन इंडिया ने मार्टिन समूह के साथ मिलकर विकसित किया है.
इस रॉकेट के साथ 3 क्यूब उपग्रहों और 50 पीआईसीओ उपग्रहों को भी लॉन्च किया गया. रॉकेट को एक मोबाइल लांचर का उपयोग करके एक उपकक्षीय प्रक्षेपवक्र में लॉन्च किया गया. जिन उपग्रहों को इस रॉकेट से लॉन्च किया गया है वे उपग्रह ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन पर अनुसंधान उद्देश्यों के लिए डेटा एकत्र करेंगे.
ये हैं खासियत
बता दें कि रॉकेट एक जेनेरिक-ईंधन-आधारित हाइब्रिड मोटर और विद्युत चालित पैराशूट डिप्लॉयर से सुसज्जित है, आरएचयूएमआई सौ फीसदी आतिशबाज़ी-मुक्त और जीरो प्रतिशत टीएनटी है. मिशन आएचयूएमटी का नेतृत्व इसरो सैटेलाइट सेंटर के पूर्व निदेशक डॉ. मायलस्वामी अन्नादुरई के मार्गदर्शन में, स्पेस ज़ोन के संस्थापक आनंद मेगालिंगम द्वारा किया जाता है. RHUMI-1 रॉकेट दक्षता में सुधार और परिचालन लागत को कम करने के लिए तरल और ठोस ईंधन प्रणोदक प्रणालियों दोनों के फायदों को जोड़ता है.
क्या है स्पेस जोन इंडिया?
बता दें कि इस रॉकेट को स्पेस ज़ोन इंडिया चेन्नई के साथ मिलकर विकसित किया गया है जो एक एयरो-टेक्नोलॉजी कंपनी है जिसका लक्ष्य अंतरिक्ष उद्योग में कम लागत, दीर्घकालिक समाधान प्रदान करना है. स्पेस जोन इंडिया (एसजेडआई) वायुगतिकीय सिद्धांतों, उपग्रह प्रौद्योगिकी, ड्रोन प्रौद्योगिकी और रॉकेट प्रौद्योगिकी पर व्यावहारिक प्रशिक्षण अनुभव प्रदान करती है. यह इस उद्योग में करियर विकल्पों के बारे में जागरूकता भी पैदा करता है. एसजेडआई निजी संस्थानों, इंजीनियरिंग और कला और विज्ञान कॉलेजों और निजी और सरकारी स्कूलों के साथ काम करता है.
साल 2023 में मिशन 'डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम छात्र उपग्रह प्रक्षेपण- 2023 में देश भर के सरकारी, आदिवासी और सार्वजनिक स्कूलों के 2,500 से अधिक छात्रों ने एक छात्र उपग्रह प्रक्षेपण वाहन के डिजाइन और निर्माण में योगदान दिया. वाहन 150 पिको उपग्रह अनुसंधान प्रयोग क्यूब्स का पेलोड ले जा सकता है.

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन दिसंबर से हो सकती है शुरू, इन सुविधाओं से होगी लैस

24-Aug-2024
नई दिल्लीः  ( शोर संदेश )  भारतीय रेलवे की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन साल के अंत तक चालू होने की उम्मीद है। 2019 में शुरू की गई चेयर-कार ट्रेन के बाद यह वंदे भारत श्रृंखला का तीसरा संस्करण होगा। वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की पहली ट्रेन गुजरात में संचालित होने की उम्मीद है। हालांकि आधिकारिक तौर पर यह अभी स्पष्ट नहीं है। 
ट्रेन का दो महीने किया जाएगा ट्रायल
इंटीग्रल कोच फैक्ट्री (आईसीएफ) चेन्नई के महाप्रबंधक यू सुब्बा राव ने एक मीडिया संस्थान को बताया कि वंदे भारत की पहली स्लीपर ट्रेन 20 सितंबर तक बेंगलुरु में भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड (बीईएमएल) के प्लांट से रवाना होने की उम्मीद है। इसके बाद इसका ट्रायल रन किया जाएगा। इसका ट्रायल एक या दो महीने तक चलेगा। उन्होंने कहा कि हाई-स्पीड ट्रेन का ट्रायल उत्तर पश्चिम रेलवे ज़ोन पर किए जाने की संभावना है।
वंदे भारत स्लीपर में ये होगा खास
एक सूत्र ने कहा कि चेयर कार वंदे भारत ट्रेन से मिले फीडबैक के आधार पर शोर को कम करने और मवेशियों की टक्कर को बेहतर ढंग से झेलने के लिए फ्रंट नोज कोन को मजबूत करने के लिए सुधार किए जा रहे हैं। ट्रेन कवच टकराव बचाव प्रणाली से भी लैस होगी। अन्य विशेषताओं में स्टेनलेस स्टील कार बॉडी, क्रैश-योग्य यात्री सुरक्षा, जीएफआरपी आंतरिक पैनल, वायुगतिकीय डिजाइन, मॉड्यूलर पेंट्री, अग्नि सुरक्षा अनुपालन (ईएन 45545), विकलांग यात्रियों के लिए सुविधाएं, स्वचालित दरवाजे, सेंसर-आधारित इंटरकम्युनिकेशन, अग्नि अवरोधक दरवाजे शामिल हैं। एर्गोनोमिक टॉयलेट सिस्टम, यूएसबी चार्जिंग के साथ एकीकृत रीडिंग लाइट भी होगी।
वंदे भारत स्लीपर में भारतीय रेलवे अपने यात्रियों को यूरोप में नाइटजेट स्लीपर ट्रेनों के समान रात भर की यात्रा पर एक विश्व स्तरीय यात्रा अनुभव प्रदान करने की योजना बना रहा है। रात में लाइट बंद होने पर शौचालय जाने वाले यात्रियों के लिए सीढ़ी के नीचे फर्श पर एलईडी स्ट्रिप्स होंगी। ट्रेन अटेंडेंट के लिए भी अलग बर्थ होगी।
दिसंबर 2024 तक ट्रेन चलाने की उम्मीद
बता दें कि मई 2023 में  16-कार वंदे भारत स्लीपर ट्रेन सेट के 10 रेक के डिजाइन और निर्माण के लिए BEML लिमिटेड को एक ऑर्डर दिया गया था। इसकी अधिकतम परिचालन गति 160-180 किमी प्रति घंटे होगी। ट्रायल रन के बाद दिसंबर 2024 तक इसे चालू किया जा सकता है।

शहजाद अली ने बनाई थी ₹10 करोड़ की आलीशान हवेली, अब बना मैदान

23-Aug-2024
  ( शोर संदेश )  मध्य प्रदेश की छतरपुर सिटी कोतवाली में पथराव और उपद्रव मामले में पुलिस-प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की. गुरुवार को पुलिस-प्रशासन की टीम ने पथराव मामले के मुख्य आरोपी और कांग्रेस के पूर्व जिला उपाध्यक्ष हाजी शहजाद अली की आलीशान हवेली को ध्वस्त कर दिया. प्रशासन का दावा है कि करीब 20 हजार वर्ग फीट जगह पर यह हवेली बिना अनुमति के बनाई गई थी. बॉलीवुड फिल्म 'सनम बेवफा' की हवेली की तर्ज पर शहजाद अपने सपनों की मंजिल बनवाने में करीब 10 करोड़ से ज्यादा रुपये लगा चुका था. हवेली का निर्माण कार्य 2017 से चल रहा था. फिलहाल गृहप्रवेश नहीं हुआ था. प्रशासन ने नवनिर्मित हवेली से सटे शहजाद एक अन्य मकान समेत उसके पार्षद भाई आजाद अली के मकान को भी ध्वस्त कर दिया. इस कार्रवाई के दौरान घर में रखी 3 महंगी कारें, 2 स्कूटी और 2 बाइक भी बुलडोजर से रौंद दी गईं.  
दरअसल, महाराष्ट्र में की गई संत रामगिरी महाराज की आपत्तिजनक टिप्पणी से नाराज होकर बीते बुधवार को मुस्लिम समुदाय के लोग ज्ञापन देने छतरपुर सिटी कोतवाली पहुंचे थे. इस दौरान कांग्रेस के पूर्व जिला उपाध्यक्ष हाजी शहजाद अली और उसके भाई नगर पालिका पार्षद आजाद अली के नेतृत्व में भीड़ ने थाने में उपद्रव और पथराव शुरू कर दिया. 
इस घटना में थाना प्रभारी अरविंद कुजूर सहित दो पुलिस आरक्षक घायल हो गए. यह मामला राजधानी भोपाल तक पहुंच गया और मुख्यमंत्री मोहन यादव ने उच्च अधिकारियों को आरोपियों के खिलाफ कड़ा एक्शन लेने के निर्देश दिए. इसके बाद पुलिस ने करीब 50 नामजद सहित 150 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया. FIR में मुख्य आरोपी शहजाद के बेटे सोनू खान और मोनू खान समेत आजाद के बेटे इनायत खान के नाम भी शामिल हैं. 
छतरपुर पुलिस प्रशासन ने इस घटना में प्रमुख भूमिका में नजर आ रहे कांग्रेस के पूर्व जिला उपाध्यक्ष हाजी शहजाद अली और उनके भाई कांग्रेस पार्षद आजाद अली की 20 हजार वर्ग फीट में बिना अनुमति बनी आलीशान हवेली को चार बुलडोजर लगाकर 6 घंटे में ध्वस्त कर दिया. हवेली की कीमत 10 करोड़ रुपए आंकी जा रही है.

नेपाल में यूपी के पर्यटकों की बस नदी में गिरी, 15 की मौत, कई लापता; पोखरा से काठमांडू जा रहे थे यात्री

23-Aug-2024
गोरखपुर।    ( शोर संदेश )  यूपी के गोरखपुर से पर्यटकों को लेकर नेपाल गई एक भारतीय बस शुक्रवार को पोखरा से काठमांडू के बीच तनहु जिले के अबुखैरेनी में मार्स्यांगडी नदी में गिर गई है। बस में कुल 42 लोग सवार थे। अब तक 15 शव निकाले जा चुके हैं जबकि बाकी लापता हैं।सभी यात्री महाराष्ट्र के रहने वाले थे। बस गोरखपुर के केसरवानी ट्रैवल्स की बताई जा रही है। बस का ड्राइवर मुर्तजा गोरखपुर का रहने वाला था, हादसे में उसकी भी मौत हो गई है। 
तनहु के एसपी बीरेंद्र शाही ने बताया कि मार्सयांगडी नदी में बस अंबुखैरेनी ग्रामीण नगर पालिका के वार्ड नंबर 2 स्थित ऐन पहरा से नदी में गिर गई। स्थानीय पुलिस कार्यालय के निरीक्षक अबू खैरेनी में मौके पर पहुंच गए हैं। सेना और सशस्त्र बलों को सूचित कर दिया गया है। पोखरा से काठमांडू जाने वाली बस नम्बर यूपी 53 एफटी 7633 बताया गया है।
बस में चालक-परिचालक समेत 43 लोगों के सवार होने की जानकारी सामने आ रही है। पुलिस राहत बचाव के लिए पहुच गयी है। नेपाल पुलिस ने बताया कि बचाव कार्य चल रहा है। अब तक की जानकारी के मुताबिक बस में सवार सभी यात्री महाराष्ट्र के हैं। करीब 25 यत्रियों का अभी पता नही चल पा रहा है।
गोरखपुर से बुक की गई थी बस 
बताया जा रहा है कि चारू नामक व्यक्ति ने गोरखपुर शहर में बाबिना होटल के बगल में स्थित केशरवानी ट्रेवल्स से बस को बुक किया था। महाराष्ट्र के सभी यात्री इलाहाबाद से बस में सवार हुए थे। सभी यात्री पहले चित्रकूट गए फिर वहां से गोरखपुर होते हुए नेपाल गए थे। कुल तीन बस बुक कराई गई थी। पर्यटकों के दल में कुल 110 लोग थे। जिस बस की दुर्घटना हुई है वह 45 सीट की है। इसमें 42 यात्री सवार थे।



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