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जनप्रतिनिधि

मुख्यमंत्री ने भारतरत्न मदर टेरेसा की जयंती पर उन्हें किया नमन

26-Aug-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश ) मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित भारतरत्न मदर टेरेसा की जयंती 26 अगस्त पर उन्हें नमन किया है। मदर टेरेसा के अमूल्य योगदान को याद करते हुए साय ने कहा है कि मदर टेरेसा ने मानवता की सेवा में अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया। उन्होंने दीन-दुखियों,अनाथ और असहाय लोगों का सहारा बनकर पूरी दुनिया को सेवा और शांति का पाठ पढ़ाया। उनके स्नेह और समर्पण के कारण लोगों ने उन्हें मदर का दर्जा दिया। सेवा के क्षेत्र में वह इतनी ऊंची उठ गईं कि उन्हें संत की उपाधि से सम्मानित किया गया। साय ने कहा कि मदर टेरेसा का जीवन हमेशा लोगों को मानवता की सेवा के लिए प्रेरणा देता रहेगा।

शाह ने रायपुर में किया एनसीबी दफ्तर का उद्घाटन

25-Aug-2024
रायपुर।    ( शोर संदेश )   केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने रविवार को नवा रायपुर में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) के आंचलिक ऑफिस का उद्घाटन किया। यह कार्यालय केंद्रीय सचिवालय भवन में शुरू किया गया है। इस दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय, डिप्टी सीएम विजय शर्मा मौजूद रहे।
छत्तीसगढ़ से 6 राज्यों ओडिशा, झारखंड, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश की सीमा लगी हुई है। यह मादक पदार्थों की तस्करी के लिए देश भर में कॉरिडोर का काम करती है। यह एजेंसी अलग-अलग राज्यों और केंद्र के साथ मिलकर काम करेगी।
नक्सलवाद के बाद दूसरे दिन देश भर में ड्रग्स तस्करी रोकने के लिए रणनीति तैयार की जा रही है। केंद्रीय गृहमंत्री शाह की इस बैठक में राज्य और केंद्र सरकार के अलग-अलग विभाग के अधिकारी शामिल हैं। उनसे ड्रग्स नेटवर्क, इसे रोकने, कार्रवाई, युवाओं और स्टूडेंट्स में जागरूकता को लेकर चर्चा की जा रही है।

बैठक में इंटेलिजेंस ब्यूरो, राजस्व खुफिया निदेशालय, रेलवे सुरक्षा बल, भारतीय डाक, राज्य औषधि नियंत्रक, फोरेंसिक विज्ञान एक्सपर्ट, सामाजिक न्याय मंत्रालय, प्रवर्तन निदेशालय, राज्य एड्स नियंत्रण संगठन के केंद्र से और राज्य से अफसर हिस्सा ले रहे हैं।

उनके अलावा छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव, गृह विभाग के सचिव, पुलिस , स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, समाज कल्याण मंत्रालय, वन विभाग , कृषि विभाग , राज्य उत्पादन शुल्क ,उच्च शिक्षा विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग जैसे डिपार्टमेंट के सचिव भी शामिल हैं।

इससे पहले शनिवार को अमित शाह ने कहा था कि, मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद खत्म हो जाएगा। अब समय आ गया है कि वामपंथी उग्रवाद की समस्या पर एक मजबूत रणनीति के साथ अंतिम प्रहार किया जाए। इससे पहले रायपुर में 7 राज्यों के अफसरों के साथ बैठक की।

शाह ने बताया था कि, आज की मीटिंग में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कुछ फैसले लिए हैं। जो लोग वामपंथी उग्रवाद के लंबे समय के प्रभाव के कारण निरक्षर रह गए हैं, उनको साक्षर बनाया जाएगा। चाहे उनकी आयु कोई भी हो। इसके लिए छत्तीसगढ़ सरकार और भारत सरकार का गृह मंत्रालय एक अभियान चलाएगा।
 

छत्तीसगढ़ पुलिस और होगी हाईटेक, आधुनिकीकरण के लिए मिलेंगे 30 करोड़ रुपए

25-Aug-2024
रायपुर ।   ( शोर संदेश )  केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ तथा पड़ोसी राज्यों में चल रहे माओवादी आतंक विरोधी अभियान की आज रायपुर में समीक्षा करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में माओवादी आतंक विरोधी अभियान में छत्तीसगढ़ सरकार को हर मोर्चे पर बहुत अच्छी सफलता मिली है। पिछले आठ माह में माओवादी आतंक को रोकने के लिए छत्तीसगढ़ में जितना कार्य हुआ है, उतना कभी नहीं हुआ। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की प्रशंसा करते हुए कहा कि माओवादियों का एरिया बहुत सीमित रह गया है। छत्तीसगढ़ सरकार नक्सल विरोधी अभियान में बहुत अच्छी कार्रवाई कर रही है। जितनी तेज और प्रभावी कार्यवाही साय सरकार ने 8 माह में की, जिसमें 150 माओवादी आतंकवादी न्यूट्रेलाइज किए गए और इससे 4 गुना ज्यादा लोगों ने आत्मसमर्पण किया, वह पूरे भारत में आज तक कहीं नहीं हुआ। इस कार्यवाही में उन्होंने और तेजी लाने के उन्होंने निर्देश दिए।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री से मैं लगातार बात करता हूं, छत्तीसगढ़ को नक्सलियों से लड़ाई में जिस मदद की आवश्यकता होगी उसे भारत सरकार उपलब्ध कराएगी। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि केंद्र और राज्य की एजेंसियों को मिलकर नक्सलियों की वित्तीय कड़ी को तोड़ने का कार्य करना चाहिए। टैक्स एजेंसियों को भी संवेदनशील होकर नक्सलियों की वित्तीय कड़ियों को तोड़ने के लिए करवाई करनी चाहिए। केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने नक्सल प्रभावित इलाकों में कम्युनिटी अवेयरनेस प्रोग्राम चलाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लोगों को शासकीय योजनाओं, प्रक्रियाओं और इंटेंट के बारे में सही इन्फॉर्मेशन दी जाए। 
केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि लोगों को केंद्र सरकार की योजनाओं की जानकारी भी दी जाए। ये हमें सुनिश्चित करना होगा कि केंद्र और राज्य की सभी 300 योजनाओं का शत प्रतिशत सैचुरेशन हो, उनका पूर्ण क्रियान्वयन हो। ऐसे क्षेत्र जहां माओवादी आतंक खत्म हो गया है, वहां ये समस्या दोबारा पैदा ना हो, ये सुनिश्चित किया जाना चाहिए। इन क्षेत्रों में लोगों को केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं का शतप्रतिशत लाभ दिलाया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी हथियार वाले आन्दोलन को लोगों में सरकार के प्रति विश्वास पैदा करके ही समाप्त किया जा सकता है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ पुलिस के आधुनिकीकरण के लिए 30 करोड़ देने की घोषणा की।

गृहमंत्री अमित शाह ने महाप्रभु वल्लभाचार्य जी के मुख्य प्राकट्य बैठक स्थल और चम्पेश्वर महादेव की पूजा-अर्चना की

24-Aug-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश )   केद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज छत्तीसगढ़ के पवित्र धाम चंपारण पहुंचे। यहां उन्होंने महाप्रभु वल्लभाचार्य जी के मुख्य प्राकट्य बैठक स्थल और चम्पेश्वर महादेव की पूजा अर्चना की और देशवासियों की सुख समृद्धि की कामना की। इस मौके पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, सांसद बृजमोहन अग्रवाल भी उनके साथ थे।
चंपारण में महाप्रभु वल्लभाचार्य आश्रम पहुंचने पर केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह का परम्परागत् ढंग से स्वागत किया गया। इस मौके पर श्री द्वारिकेश्वर लाल जी महाराज द्वारा उन्हें महाप्रभु वल्लभाचार्य जी की प्रतिमा भेंट की गई। वल्लभाचार्य निधि ट्रस्ट की ओर से भी उनका स्वागत किया गया तथा हरीश बाबरिया और मोनल बाबरिया द्वारा उन्हें श्रीनाथ जी का चित्र भेंट किया गया।
छत्तीसगढ़ में महाप्रभु वल्लभाचार्य जी के जन्मस्थली चंपारण में देशभर से पुष्टिमार्ग के अनुयायी जुटते हैं। बनारस-दक्षिण प्रवास के दौरान वल्लभाचार्य जी की माता को प्रसव पीड़ा हुई और चंपारण में चम्पेश्वर महादेव मंदिर के निकट उन्होंने बालक को जन्म दिया। वल्लभाचार्य जी ने पुष्टि मार्ग का प्रवर्तन किया और देशभर में कृष्ण भक्ति की अलख जगाई।
भारत में हमेशा से उत्तर से दक्षिण भारत की ओर तथा दक्षिण भारत से उत्तर की ओर तीर्थ यात्रा की परंपरा रही है और यह तीर्थ यात्रा महानदी के बहुत से तीर्थ स्थलों के निकट से गुजरती है। चंपारण की कहानी अपने आप में भारत की विशिष्ट सांस्कृतिक समृद्धि को दर्शाती है। उसके साथ ही यह महाप्रभु वल्लभाचार्य एवं भक्ति आंदोलन के आचार्यों की सुंदर परंपरा को भी दर्शाती है जिन्होंने सनातन परंपरा के मूल्यों को संजोया और कृष्ण भक्ति की अलख जगा।
चौरासी वैष्णवों की वार्ता तथा वल्लभ दिग्विजय जैसे ग्रंथों में महाप्रभु के बचपन और उनकी सुंदर स्मृतियां दर्ज हैं। चंपारण, त्रिवेणी संगम राजिम के निकट है राजिम में भगवान श्री राजीव  लोचन विराजित हैं। यह पदम क्षेत्र कहा जाता है। इस पद्म क्षेत्र के चारों ओर पंचकोसी परिक्रमा होती है। इस पंचकोसी परिक्रमा में श्रद्धालु हिस्सा लेते हुए चम्पेश्वर महादेव में जल अर्पित करते हैं। 
इस मौके पर सर्व गुजराती समाज के अध्यक्ष प्रितेश गांधी पदीय, श्री वल्लभाचार्य ट्रस्ट के अध्यक्ष चेतन अधिया, श्री वल्लभाचार्य ट्रस्ट के सदस्य वल्लभ अधिया, गुजराती समाज के पदाधिकारी हरीश कुमार बाबरिया, पूर्व मंत्री चंद्रशेखर साहू, अपैक्स बैंक पूर्व अध्यक्ष अशोेक बजाज और चंपारण के सरपंच राधिका ध्रुव सहित अनेक जनप्रतिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
 

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा : भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस, काम में पारदर्शिता के लिए आईटी पर सरकार का फोकस

22-Aug-2024
रायपुर। ( शोर संदेश )   प्रदेश में ई-गवर्नेंस को बढ़ावा देने और सरकारी कामकाज में पारदर्शिता लाने के लिए सभी क्षेत्रों में आईटी का व्यापक पैमाने पर इस्तेमाल शुरू हो गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बुधवार को मंत्रालय में तीन पोर्टलों ई-ऑफिस प्रणाली, मुख्यमंत्री कार्यालय ऑनलाइन पोर्टल और स्वागतम् पोर्टल की शुरूआत की। इस पहल से सुशासन के साथ शासकीय कामकाज में दक्षता और पारदर्शिता बढ़ने का दावा किया जा रहा है।
सरकार की मंशा है कि सरकारी काम-काज में पारदर्शिता लाने आईटी का उपयोग करने से भष्ट्राचार की गुंजाईश नहीं रहेगी। साय के निर्देश पर ये तीनों पोर्टल तैयार किए गए हैं। सीएम ने सीएस को सभी विभागों में ई-ऑफिस प्रणाली लागू करने के निर्देश देने संबंधी फाइल का डिजिटल अनुमोदन कर ई-ऑफिस प्रणाली प्रारंभ की। साय ने इस अवसर पर कहा कि सुशासन के संकल्प को पूरा करने की दिशा में ई-आफिस प्रणाली और स्वागतम् पोर्टल का शुभारंभ राज्य सरकार का एक महत्वपूर्ण कदम है। हमारी सरकार भ्रष्टाचार पर जीरो टालरेंस और सरकारी काम में पारदर्शिता के उद्देश्य से सभी विभागों में आईटी के उपयोग को बढ़ावा दे रही है।
डिजिटल गवर्नेंस को हर स्तर पर ले जाने के लिए हम काम कर रहे है। छत्तीसगढ़ के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है। आज हम लोगों ने सरकारी कामकाज में अधिक पारदर्शिता और आमजन की सुविधा के लिए एक साथ तीन ऑनलाइन प्रणाली शुरू की। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, खाद्य मंत्री दयालदास बघेल, विधायक मोतीलाल साहू, गजेंद्र यादव, मुख्य सचिव अमिताभ जैन, उप सचिव शैलाभ साहू, अवर सचिव अंजू सिंह आदि उपस्थित थे।
मंत्रियों और अफसरों से मुलाकात का सिस्टम तय
स्वागत पोर्टल पर सीएम, मंत्रियों और अफसरों से मुलाकात करने के लिए सिस्टम तय है। कोई मुलाकात करना है तो उसे गूगल पर स्वागतम पोर्टल सर्च करना होगा। पोर्टल खुलते ही इसमें विजिटर्स के ऑप्शन को क्लिक करना होगा। इसके बाद अपना मोबाइल नंबर डालना होगा। मोबाइल नंबर डालने पर ओटीपी आएगा। एक फार्म खुलेगा जिस पर आवेदक को जरूरी जानकारी भरनी होगी कि जैसे उसे कब, किस मंत्री-अफसर से मिलना है। अपना मोबाइल नंबर,ई-मेल एड्रेस देना होगा। फार्म सबमिट करने के बाद मोबाइल या ई-मेल पर मैसेज आएगा।
सीएम साय ने की पुलिस विभाग की समीक्षा
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के दौरे से पहले मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गुरुवार को पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की। इस दौरान अफसरों ने गृह विभाग की योजनाआें के संबंध में प्रजेंटेशन दिया। राज्य सरकार द्वारा नक्सल उन्मूलन की दिशा में चलाए जा रहे अभियान की जानकारी के साथ ही आठ माह में गिरफ्तार किए गए नक्सलियों की संख्या समेत सरेंडर नक्सलियों की संख्या की जानकारी दी गई। इसके अलावा नक्सल नीति में शामिल तथ्य भी बताए गए। वहीं नक्सल प्रभावित क्षेत्र के लोगों को राज्य शासन की योजनाएं पहुंचाने के लिए शुरु की गई नियद नेल्लानार योजना के बारे में भी बताया गया कि अब तक कितने लोगों को योजना का लाभ दिया जा चुका है।
 

6 महीने से नहीं मिल रहा था जाति प्रमाण पत्र, एक कॉल से समस्या हुई दूर

22-Aug-2024
रायपुर।   ( शोर संदेश )  अब एक फोन पर समस्या का समाधान मिल रहा है। विकासखंड अभनपुर के वार्ड क्रमांक 1 ग्राम करही निवासी बसंत धुव्र ने 6 माह पहले अपने दो बच्चों का जाति प्रमाण पत्र बनाने च्वाइस सेंटर में आवेदन किया था। जहां से दोनों बच्चों का अस्थाई जाति प्रमाण पत्र बन गया था। लेकिन वे स्थाई जाति प्रमाण पत्र बनवाना चाहते थे। इसके लिए उन्होनें आवेदन दिया था। लेकिन उनको अलग अलग विभागों का चक्कर लगाना पड रहा था। लेकिन उनका काम नहीं हो रहा था। इस स्थिति से परेशान उन्होंने जिला प्रशासन के जनसमस्या निवारण कॉल सेंटर में फोन किया। जिसके बाद संबंधित विभाग को प्रकरण की जानकारी दी गई। जिसके तुरंत बाद उनके दोनों बच्चो का जाति प्रमाण पत्र बनाकर जारी कर दिया गया। समस्या का निराकरण होने के बाद शिकायतकर्ता बसंत धुव्र ने संतुष्टी जताई और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ई-आफिस प्रणाली, स्वागतम पोर्टल और मुख्यमंत्री कार्यालय ऑनलाईन पोर्टल का किया शुभारंभ

22-Aug-2024

रायपुर, ( शोर संदेश )  छत्तीसगढ़ में ई-गवर्नेंस को बढ़ावा देने और शासकीय काम-काज में पारदर्शिता लाने के लिए सभी क्षेत्रों में आईटी का व्यापक पैमाने पर इस्तेमाल शुरू हो गया है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज तीन पोर्टलों ई-ऑफिस प्रणाली, मुख्यमंत्री कार्यालय ऑनलाइन पोर्टल और स्वागतम पोर्टल का शुभारंभ किया। इस पहल से सुशासन के साथ शासकीय कामकाज में दक्षता और पारदर्शिता बढ़ेगी।

मुख्यमंत्री की मंशा के अनुसार सरकारी काम-काज में अधिक से अधिक पारदर्शिता लाने के लिए अधिकाधिक क्षेत्रों में आईटी का उपयोग किया जा रहा है, ताकि भष्ट्राचार की गुंजाईश न रहे। मुख्यमंत्री साय के निर्देश पर ये तीनों ऑनलाईन पोर्टल तैयार किए गए हैं, जिसका शुभारंभ आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में बटन दबाकर मुख्यमंत्री ने किया। इस दौरान मुख्यमंत्री साय ने मुख्य सचिव को सभी विभागों में ई-ऑफिस प्रणाली लागू करने के निर्देश देने संबंधी फाइल का डिजिटल अनुमोदन कर ई-ऑफिस प्रणाली का शुभारंभ किया। 
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस अवसर पर कहा कि सुशासन के संकल्प को पूरा करने की दिशा में ई-आफिस प्रणाली और स्वागतम पोर्टल का शुभारंभ राज्य सरकार का एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार भ्रष्टाचार पर जीरो टालरेंस और सरकारी काम में पारदर्शिता के उद्देश्य से सभी विभागों में आईटी के उपयोग को बढ़ावा दे रही है। डिजिटल गवर्नेंस को हर स्तर पर ले जाने के लिए हम काम कर रहे है। 
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है। आज हम लोगों ने सरकारी कामकाज में अधिक पारदर्शिता और आमजन की सुविधा के लिए एक साथ तीन-तीन ऑनलाइन प्रणाली का शुभारंभ किया है। तीनों पोर्टल का शुभारंभ प्रदेश में सुशासन स्थापित करने में मील का पत्थर साबित होगा। ई-ऑफिस प्रणाली से फाइलों के निराकरण में अनावश्यक देरी नहीं होगी। गलती की गुंजाइश कम होगी। फाइल किस स्तर पर है, इसकी ट्रेकिंग हो सकेगी। 
इसी तरह मंत्रालय में मुख्यमंत्री, मंत्रीगणों और अधिकारियों से मिलने जो आंगतुक आते है, उनकी सुविधा के लिए स्वागतम पोर्टल भी शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री साय ने सीएमओ पोर्टल के शुभारंभ की जानकारी देते हुए बताया कि इसके माध्यम से सरकार की योजनाओं, कार्यक्रमों, जनहितैषी फैसलों और काम-काज की जानकारी आम लोगों को मिलेगी। 
गौरतलब है कि ई-ऑफिस प्रणाली शुरुआती चरण में सामान्य प्रशासन विभाग में लागू किया गया है, जिसे क्रमशः सभी विभागों में लागू किया जाएगा। ई-आफिस प्रणाली में आफिस के दस्तावेज डिजिटल किये जाएंगे। दस्तावेज को एक आफिस से दूसरे आफिस भेजे जाने पर काफी समय लगता था, यह समय अब बच जाएगा। इसके साथ ही दस्तावेज में हेरफेर किये जाने की गुंजाईश समाप्त हो जाएगी। दस्तावेजों के खोने या गायब होने की दिक्कत नहीं रहेगी। डिजिटल माध्यम में दस्तावेज अधिक सुरक्षित रहेंगे। उन्होंने कहा कि अब तय समय-सीमा पर फाइलों का निराकरण हो सकेगा। इससे अधिकारियों के कामकाज की मॉनिटरिंग भी आसान हो सकेगी। ई-आफिस सिस्टम आने से आम जनता के लिए भी अपने आवेदनों के निराकरण की स्थिति जानने में आसानी होगी।
इसी प्रकार मंत्रालय में प्रवेश हेतु स्वागतम पोर्टल के माध्यम से आगंतुकों के प्रवेश की व्यवस्था आसान हो जाएगी। आगंतुकों से संबंधित विवरणों के संधारित हो जाने से मंत्रालय परिसर की सुरक्षा सुदृढ़ होगी। इसके साथ ही सीएमओ पोर्टल का भी आज शुभारंभ किया गया। सीएमओ पोर्टल के माध्यम से शासकीय योजनाओं की जानकारी एक क्लिक पर लोगों को मिल सकेगी। इस पोर्टल के माध्यम से छत्तीसगढ़ के कला संस्कृति इतिहास और अन्य विशेषताओं के बारे में लोग जान पाएंगे। छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों और उससे संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां इस पोर्टल पर उपलब्ध होगी। 
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, खाद्य मंत्री दयालदास बघेल, विधायक मोतीलाल साहू, गजेंद्र यादव, मुख्य सचिव अमिताभ जैन, मुख्यमंत्री के सचिव पी दयानंद, बसवराजू एस,  सुशासन एवं अभिसरण विभाग के सचिव राहुल भगत, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव मुकेश बंसल, अन्बलगन पी. सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
 

सदस्यता अभियान : सांसद को 20 हजार, विधायक 10 हजार और हर बूथ में 200 नए मेंबर जोड़ने टारगेट

21-Aug-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश )  प्रदेश में नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का सामना करने से पहले भाजपा अपने को और मजबूत कर लेना चाहती है। वजह, यह कि इन्हीं लोकल बाडीज की बदौलत सरकार की योजनाओं को धरातल पर उतारा जा सकता है। इस वजह से पार्टी के सदस्यता अभियान में सतही स्तर तक लोगों को जोड़ना चाहती है। मंगलवार को पार्टी मुख्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में पार्टी के जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया।
केंद्रीय नेतृत्व ने विजया रहाटकर को प्रदेश में सदस्यता अभियान की कमान सौंपी है। भाजपा ने लक्ष्य तय किया है कि प्रदेश में करीब 50 लाख सदस्य होने चाहिए। वर्तमान में 32-33 लाख सदस्य हैं। अब इस में वृद्धि करने सभी को टारगेट दिया जा रहा है। हर सांसदों को 20-20 हजार नए सदस्य बनाने होंगे।
इसी तरह हर विधायक को 10-10 हजार सदस्य बनाने होंगे। इसी तरह हर बूथ पर 200-200 नए सदस्य बनाने का भी लक्ष्य रखा गया है। राज्य में लगभग 24 हजार बूथ हैं। इसके लिए 31 अगस्त तक बूथ स्तर तक बैठकें करनी है। प्रत्येक कार्यकर्ता को 50 सदस्य बनाने का लक्ष्य दिया गया है। सभी जिलों में 22 से 24 अगस्त तक बैठकें की जाएंगी। इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव, तोखन साहू, उप मुख्यमंत्री अरूण साव और विजय शर्मा, अभियान प्रभारी अनुराग सिंहदेव, विधायक-सासंग और पदाधिकारी शामिल हुए।
मिस कॉल, नमो एप और स्कैनर से ले सकेंगे सदस्यता: सिंह
भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री अरूण सिंह ने कहा कि यह संगठन पर्व की शुरुआत है। पिछली सदस्यता समाप्त हो गई है,अब फिर से सभी को सदस्य बनाकर,भारत के विकसित देश बनने की यात्रा में सहभागी बनाना है। जिन सदस्यों के पास स्मार्ट फोन नहीं हैं, वे मिस्ड कॉल करेंगे। इसके बाद उनके पास लिंक आएगा जिसे अन्य सदस्य के स्मार्ट फोन पर भेजकर सदस्यता ले सकेंगे। सदस्यता अभियान के लिए 31 अगस्त तक बूथ स्तर पर बैठकें करनी है। प्रत्येक लोकसभा में 100 विशिष्ट लोगों को सदस्य बनाना है। अटल जी के जन्म शताब्दी वर्ष के तहत 20 सदस्य बनाना है। जिन क्षेत्रों में नेटवर्क बिल्कुल नही है।
एक नजर में अभियान
सदस्यता अभियान 20 अगस्त से अक्टूबर तक 
प्रथम चरण : 1-25 सितंबर तक 
द्वितीय चरण : 1-15 अक्टूबर तक 
सक्रिय सदस्यता अभियान : 16 -30 अक्टूबर तक 
प्राथमिक एवं सक्रिय सदस्यता : 1-10 नवंबर तक

मोदी करेंगे विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों से संवाद

21-Aug-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश )  राज्य में विशेष पिछड़ी जनजाति बहुल बसाहटों में राज्य और केन्द्र सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए विशेष अभियान चलेगा। राज्य के 18 जिलों में सितम्बर में इसके लिए मेगा ईवेंट और आईईसी कैंपेन चलेगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सितंबर के प्रथम सप्ताह में ऐसे आयोजनों में वर्चुअल रूप से शामिल होकर विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों से संवाद करेंगे।
ट्राइबल विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने बताया कि प्रधानमंत्री पीएम जनमन योजना के तहत झारखंड में राष्ट्रीय मेगा ईवेंट शामिल होंगे। देश के सभी पीवीटीजी बसाहट वाले जिलों को संबोधित करेंगे। टू वे कनेक्टिविटी से संवाद करेंगे। राज्य में विशेष पिछड़ी जनजाति वाले एक जिले को राज्य स्तरीय मेगा ईवेंट के लिए चिन्हित किया जाएगा। मेगा ईवेंट के अतिरिक्त बाकी सभी पीएम-जनमन के जिलों में जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित होंगे। इन सभी में झारखण्ड से प्रधानमंत्री का संबोधन और संवाद देखने और सुनने के लिए टू-वे-कनेक्टिविटी की व्यवस्थाएं की जा रही है।
इन आयोजनों में विधायक और जनप्रतिनिधि शामिल होंगे। लाभार्थी संतृप्ति शिविर 23 अगस्त से 10 सितंबर तक लगेंगे। इनमें आधार कार्ड, जनधन खाता, आयुष्मान कार्ड, वन अधिकार पत्र राशन कार्ड, जाति प्रमाण पत्र पीएम किसान सम्मान निधि, पीएम मातृत्व वंदना योजना, किसान क्रेडिट कार्ड, सिकल सेल की जांच एव मूलभूत स्वास्थ्य सुविधाएं आदि में संतृप्ति की जानी है। शिविर पीवीटीजी बसाहटों व जिलों में लगेंगे।
शिविर में इस तरह की मिलेंगी सुविधाएं
यूआईडीएआई : नामांकन एवं आधार कार्ड जारी करना
- पीएम जनधन के बैंक खाते खोलना।
- पात्र लाभार्थियों का आयुष्मान भारत कार्ड बनाना। 
- पीवीटीजी को सामुदायिक प्रमाण पत्र जारी करना। 
- वन अधिकारपत्र जारी करना। पीवीटीजी बसाहटों में सिकलसेल की जांच। प्रधानमंत्री आवास (ग्रामीण), संपर्क सड़क, मोबाइल मेडिकल यूनिट, नल से जल, विद्युतिकरण की जानकारी देना।

मुख्यमंत्री साय का 22 अगस्त को होने वाला जनदर्शन स्थगित

21-Aug-2024
रायपुर।   ( शोर संदेश )   मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का हर सप्ताह गुरुवार को होने वाला जनदर्शन इस गुरूवार 22 अगस्त को अपरिहार्य कारणों से स्थगित कर दिया गया है।
 



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