नई दिल्ली (शोर संदेश)। 67 साल पुरानी एक मर्सिडीज-बेंज (Mercedes-Benz) करोड़ों रुपये में बिकी। इस नीलामी ने फेरारी 250 GTO के नीलामी के रिकॉर्ड को तोड़ दिया। जिसे 70 मिलियन डॉलर (542 करोड़ रुपये) में बिक्री के लिए उपलब्ध कराया गया था। यूके बेस्ड वेबसाइट Hagerty के मुताबिक जर्मन कार मेकर कंपनी मर्सिडीज़ बेंज़ 300 एसएलआर (Mercedes-Benz 300 SLR) रेसिंग कार को 142 मिलियन डॉलर (11,000 करोड़ रुपये) में बिक्री के लिए नीलामी में उपलब्ध कराया गया है। अब यह रिकॉर्ड मर्सिडीज-बेंज 300 SLR उहलेनहॉट कूप के नाम हो गया है, जिसे 142 मिलियन डॉलर में बेचा गया है। 5 मई को हुई थी गुप्त नीलामी ब्रिटिश कार कलेक्टर साइमन किडसन ने एक अनजान कस्टमर की ओर से विनिंग बोली लगाई, जिसे गुप्त और असामान्य नीलामी कहा जा रहा है। रिकॉर्ड बिक्री 5 मई को जर्मनी के स्टटगार्ट में मर्सिडीज-बेंज संग्रहालय में एक गुप्त नीलामी के दौरान की गई थी। यह मर्सिडीज-बेंज के चेयरमैन ओला कैलेनियस ने पुष्टि की। यह मर्सिडीज-बेंज 300 SLR कूपे की केवल दो ही यूनिट बनाई थीं। कंपनी ने कार के इन दो हार्डटॉप वेरिएंट का उत्पादन 1955 में रेस छोड़ने के बाद किया था। इसमें 3.0-लीटर का इंजन हैं, जिनकी क्षमता 302 PS की है। इस रेसिंग कार को रेसिंग ट्रैक पर उतारा गया, ऐसी ही एक रेसिंग में 83 लोगों की मौत हो गई थी। साल 1954 में इस कार ने 12 रेसों में से 9 जीत कर रेस जीती हैं। साल 1955 ले मैन्स (Le Mans) रेस की दुर्घटना में कार से चालक पियरे लेवेघ और 83 दर्शकों की मौत हो गई थी।