ईटानगर (शोर संदेश)। अरुणाचल प्रदेश से एक दुखद खबर सामने आई है। यहां पहाड़ी इलाके में हुए हिमस्खलन की चपेट में आने से सात जवानों की मौत हो गई। सेना ने मंगलवार को इसकी पुष्टि की है। गौरतलब है कि एक दिन पहले ही इन जवानों के बर्फ के नीचे दब जाने की बात सामने आई थी। इसके बाद उन्हें निकालने के लिए राहत-बचाव कार्य शुरू किए गए। लेकिन बचाव दल को सैनिकों के शव मिले। हिमस्खलन की यह घटना राज्य के कामेंग सेक्टर के ऊंचाई वाले इलाके में हुई। लापता जवान रविवार को गश्त कर रहे एक सैन्य दल का हिस्सा थे। तभी हिमस्खलन होने से वे उसकी चपेट में आ गए थे। उन्हें ढूंढने के लिए विशेषज्ञों की टीम को विमान से मौके पर भेजा गया, ताकि बचाव कार्य में उनकी सेवाएं ली जा सकें। हालांकि, इलाके में खराब मौसम ने टीम का काम मुश्किल बना दिया। इस पूरे इलाके में पिछले कुछ दिनों से लगातार बर्फबारी हो रही है। उनके शव हिमस्खलन स्थल से निकाल लिए गए हैं। जवानों के शवों को आगे की औपचारिकताओं के लिए हिमस्खलन स्थल से निकटतम सेना चिकित्सा सुविधा में स्थानांतरित किया जा रहा है।
क्षेत्र में हो रहा भारी हिमपात
सेना ने यह भी बताया कि पिछले कुछ दिनों से उपरोक्त इलाके में मौसम बहुत खराब बना हुआ है। भारी हिमपात हो रहा है। कामेंग क्षेत्र अरुणाचल प्रदेश का पश्चिमी इलाका है। भारतीय सेना की पूर्वी कमान इस क्षेत्र में 1,346 किलोमीटर लंबी वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करती है। इसमें अरुणाचल प्रदेश के साथ ही सिक्किम के इलाके भी आते हैं।
राहुल गांधी ने जताया शोक
7 सैनिकों के निधन पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शोक व्यक्त किया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा- अरुणाचल प्रदेश में हिमस्खलन त्रासदी में सेना के जवानों की मौत के बारे में जानकर दुख हुआ। उनके परिवार और दोस्तों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है। हम शहीदों को सलाम करते हैं।