ब्रेकिंग न्यूज

एस. जयशंकर का अमेरिका दौरा संपन्न, भारत-यूएस व्यापार समझौते की डिटेलिंग पर दी अहम जानकारी

05-Feb-2026
नई दिल्ली।  ( शोर संदेश ) भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर तीन दिवसीय दौरे पर 2 से 4 फरवरी तक अमेरिका में थे। इस दौरान उन्होंने अमेरिका के विदेश सचिव मार्को रुबियो से भी मुलाकात की। ईएएम जयशंकर ने अमेरिकी दौरे को प्रोडक्टिव और सकारात्मक बताया। उन्होंने ऐतिहासिक व्यापार समझौते का जिक्र करते हुए कहा कि भारत और अमेरिका के बीच बढ़ते संबंध में मजबूत रफ्तार साफ दिख रही है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर मुलाकात की तस्वीरें साझा कर ईएएम एस. जयशंकर ने लिखा, “अमेरिका का एक प्रोडक्टिव और सकारात्मक दौरा खत्म हुआ। सेक्रेटरी रुबियो को उनकी अच्छी मेहमान नवाजी के लिए धन्यवाद। ऐतिहासिक भारत-अमेरिका व्यापार समझौता डिटेलिंग के आखिरी स्टेज में है जो बहुत जल्द पूरी हो जाएगी। यह हमारे द्विपक्षीय संबंधों में एक नया दौर शुरू करता है, जिसमें संबंधों के लिए बहुत सारी संभावनाएं हैं।”
उन्होंने कहा कि हमारा जरूरी खनिज सहयोग भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। आने वाले दिनों में रणनीतिक मुद्दों, रक्षा और ऊर्जा पर बातचीत की उम्मीद है। कुल मिलाकर एक मजबूत मोमेंटम दिख रहा है।
इस अहम दौरे में विदेश मंत्री ने अमेरिकी सरकार के सीनियर सदस्यों के साथ मीटिंग भी की। इसमें अमेरिकी विदेश सचिव मार्को रुबियो और वित्त सचिव स्कॉट बेसेंट के साथ अलग-अलग मीटिंग शामिल थीं। इस दौरान उन्होंने भारत-अमेरिका रणनीतिक और आर्थिक साझेदारी पर बड़े पैमाने पर चर्चा की।
उन्होंने कहा कि रुबियो के साथ बातचीत में भारत-अमेरिका संबंध के कई अहम पहलुओं पर बात हुई। ईएएम जयशंकर ने कहा, “भारत-यूएस रणनीतिक साझेदारी के जिन पहलुओं पर बात हुई, उनमें व्यापार, ऊर्जा, न्यूक्लियर, रक्षा, जरूरी खनिज और तकनीक शामिल थे।”

विदेश मंत्री ने कहा कि दोनों पक्ष फॉलो-अप कामों पर तेजी से आगे बढ़ने पर सहमत हुए। हमारे साझा हितों को आगे बढ़ाने के लिए अलग-अलग तरीकों की जल्द मीटिंग पर सहमति हुई। अमेरिकी विभाग की ओर से साझा जानकारी के अनुसार विदेश मंत्री जयशंकर और रुबियो ने जरूरी मिनरल्स की खोज, माइनिंग और प्रोसेसिंग पर द्विपक्षीय सहयोग को औपचारिक बनाने पर चर्चा की। यह एक ऐसा क्षेत्र है, जो भारत-अमेरिका आर्थिक और रणनीतिक संबंध का एक अहम हिस्सा बनकर उभरा है।
बुधवार को हुई यह मीटिंग अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप और प्रधानमंत्री मोदी के व्यापार समझौते की घोषणा के एक दिन बाद हुई, जिसका मकसद दुनिया के दो सबसे बड़े लोकतंत्रों के बीच रुकावटों को कम करना और मार्केट एक्सेस को बढ़ाना है।
 


leave a comment

Advertisement 04

kalyan chart

Feedback/Enquiry



Log In Your Account