रायपुर (शोर सन्देश)। छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष ने पदभार ग्रहण करने के बाद आज पहली सुनवाई रायपुर जिले में की। डॉ. किरणमयी नायक ने बताया कि सुनवाई के दौरान एक महिला अचानक आई और उसने इच्छा मृत्यु की मांग आयोग के सामने रखी। महिला का छह महीने पूर्व प्रेम विवाह हुआ है, उसके पति ने उसे छोड़ दिया है, जिसकी वजह से महिला काफी परेशान थी। अध्यक्ष डॉ. किरणमयी नायक ने महिला के पति को तुरंत आयोग दफ्तर में बुलाया और दोनोंजन की समझाईश दी। इसके बाद महिला को सखी सेण्टर भेज दिया गया। अध्यक्ष किरणमयी नायक ने सुनवाई के दौरान मामलोक को देखकर अपील की है कि बेटियों को उचित शिक्षा दें और हर तरह का ज्ञान दें। जिस तरह के मामले इन दिनों आयोग के सामने आ रहे हैं, ऐसे ज्यादातर मामले फिल्मों में देखे जाते हैं।
वहीं उन्होंने महिला आयोग के प्रकरणों को लेकर बताया कि प्रदेश के तमाम जिलों के कलेक्टर और एसपी को पत्र लिखा है, जिसमें आयोग की चिट्ठियों को तत्काल संज्ञान में लेकर के प्रकरण को जल्द प्रेषित करें, जिससे महिलाओं की समस्याओं का जल्द से जल्द निराकरण हो सके। उन्होंने बताया कि सुनवाई के लिए सम्मन भेजा जाता है, लेकिन कई बार ऐसा होता है कि जिस दिन सुनवाई उस दिन सम्मन आता है, जिससे लोगों को आने में दिक्कत होती है।
आयोग से मिली जानकारी के अनुसार आज 20 प्रकरणों की सुनवाई की गई, जिसमें से 14 प्रकरणों में पक्षकार उपस्थित हुए, सुनवाई केबाद आयोग ने 04 प्रकरणों में अपना फैसला सुनाया।